देश की खबरें | अदालत का इस्तीफा वापस लेने का अनुरोध स्वीकार करने के लिये पायलट की याचिका पर एअर इंडिया को नोटिस

नयी दिल्ली, 16जुलाई दिल्ली उच्च न्यायालय ने एअर इंडिया के एक पायलट की उस याचिका पर विमानन कंपनी से जवाब मांगा है जिसमें पायलट ने अपना इस्तीफा वापस लेने के संबंध में एअर इंडिया से किया गया अनुरोध स्वीकार करने का निर्देश देने का अनुरोध किया है।

इस पायलट ने कोविड-19 महामारी के दौरान अनेक देशों के लिए बचाव एवं राहत उड़ानों का संचालन किया है।

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याचिकाकर्ता एअर इंडिया में पायलट कमांडर के पद पर था और उसने कुछ भत्ते तथा बकाए का भुगतान नहीं होने पर इस वर्ष छह फरवरी को इस्तीफा दे दिया था तथा नागरिक उड्डयन आवश्यकताओं (सीएआर) के तहत छह माह का नोटिस पीरियड दिया था। हालांकि इसके तत्काल बाद 19 मार्च को उसने अपना इस्तीफा वापस ले लिया था।

पायलट ने इस मामले में अदालत का रुख करते हुए कहा कि कई महीने बीत जाने के बाद भी नियोक्ता ने पूर्व में दिए गए इस्तीफे को वापस लेने वाले उसके आवेदन पर कोई निर्णय नहीं किया है।

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याचिकाकर्ता ने इस्तीफा वापस लेने संबंधी उसका अनुरोध स्वीकार करने और उसे छह अगस्त के बाद भी सेवाएं देने की अनुमति देने के निर्देश एअर इंडिया लिमिटेड को देने की मांग की।

न्यायमूर्ति ज्योति सिंह ने एअर इंडिया को नोटिस जारी करके उसे 10 दिन के भीतर अपना जवाब देने के निर्देश दिया है। इस मामले में अब चार अगस्त को आगे सुनवाई होगी।

पायलट के वकील ने दलील दी कि यह स्थापित कानून है कि कोई कर्मचारी अपने उस इस्तीफे को वापस ले सकता है, जो प्रभावी नहीं हुआ हो।

वकील ने कहा कि सीएआर के तहत अगर कोई पायलट इस्तीफा देना चाहता है तो उसे छह माह का नोटिस देना जरूरी होता है लेकिन इससे पहले कि इस्तीफा प्रभावी हो पाता और अवधि समाप्त होती, उसने इसे वापस ले लिया।

उन्होंने कहा कि अभी तक अधिकारियों ने याचिकाकार्ता का विकल्प तलाशने अथवा उसके स्थान पर किसी और पायलट को रखने की दिशा में कोई कदम नहीं उठाए हैं।

वकील ने कहा बल्कि चालक दल का नियमित रोस्टर दिखाता है कि पायलट ने कोविड-19 महामारी के वक्त दूसरे देशों के लिए कई बचाव और राहत उड़ानों का संचालन किया है और 13जुलाई तक वह ड्यूटी पर था।

एअर इंडिया के वकील ने इस पर अपनी दलील में कहा कि इस्तीफा वापस लेने संबंधी पायलट के आवेदन पर अभी कोई निर्णय नहीं लिया गया है इसलिए याचिका समय पूर्व दाखिल की गई है।

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