काठमांडू, नौ जुलाई नवगठित मधेसी पार्टी ने बृहस्पतिवार को आधिकारिक रूप से नेपाल के निर्वाचन आयोग में अपना पंजीकरण कराया और इसी के साथ वह देश की तीसरी सबसे बड़ी राजनीतिक पार्टी बन गई।
समाजबादी पार्टी नेपाल और राष्ट्रीय जनता पार्टी नेपाल के 23 अप्रैल को विलय के बाद जनता समाजबादी पार्टी बनी थी।
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निर्वाचन आयोग के प्रवक्ता राज कुमार श्रेष्ठ ने कहा कि जनता समाजबादी पार्टी का आधिकारिक रूप से आयोग में पंजीकरण हो गया है और उसे शुक्रवार को पार्टी पंजीकरण प्रमाण-पत्र दिया जाएगा।
दोनों दलों के नेताओं ने सात जून को पंजीकरण के लिये आवेदन किया था।
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देश के 275 सदस्यों वाले निचले सदन में 32 सीटों के साथ जनता समाजबादी पार्टी अब 173 सीटों वाली सत्ताधारी नेपाल कम्युनिस्ट पार्टी और 60 सीटों वाली विपक्षी नेपाली कांग्रेस के बाद तीसरा सबसे बड़ा दल बन गई है।
प्रधानमंत्री के पी शर्मा ओली के पिछले कार्यकाल के दौरान 2015-16 में अधिकतर भारतीय मूल के मधेसियों ने छह महीने तक प्रदर्शन किया था जिस दौरान 50 से ज्यादा लोग मारे गए थे।
इस प्रदर्शन की वजह से चारों तरफ से जमीन से घिरे इस देश की अर्थव्यवस्था भी चरमरा गई थी क्योंकि भारत से होने वाली आपूर्ति बाधित हो गई थी।
नेपाल के राजनीतिक परिदृश्य में नयी पार्टी अहम भूमिका निभा सकती है क्योंकि नेपाल में सत्ताधारी नेपाल कम्युनिस्ट पार्टी टूट के कगार पर है और असंतुष्ट नेता प्रधानमंत्री ओली से इस्तीफा मांग रहे हैं।
ओली के राजनीतिक भविष्य पर शुक्रवार को होने वाली सत्ताधारी पार्टी की स्थायी समिति की बैठक में फैसला होने की उम्मीद है।
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