नयी दिल्ली, 13 अक्टूबर केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी मंगलवार को कांग्रेस शासित पंजाब में कृषि क्षेत्र के वैज्ञानिकों, प्रोफेसरों और वरिष्ठ पेशेवरों से मुलाकात की तथा नये कृषि कानूनों के बारे में गलतफहमियों को यह कहकर दूर करने का प्रयास किया कि इन कानूनी सुधारों से 'आढ़तियों’ (कमीशन एजेंट) को भी फायदा होगा।
मंत्री ने यह भी कहा कि एमएसपी व्यवस्था कायम रहेगी।
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पंजाब और हरियाणा और अन्य राज्यों में किसान नए कृषि कानूनों का विरोध कर रहे हैं, जिसके बारे में उन्हें लगता है कि खरीद का काम कॉरपोरेट्स के हाथ में चला जायेगा और न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) की व्यवस्था खत्म कर दी जायेगी।
पुरी ने एक आभासी बैठक में कहा, ‘‘पंजाब में, कुछ लोग फर्जी प्रचार कर रहे हैं और किसानों को उनकी आय बढ़ाने के लिए इन कानूनों के लाभों को जानने के बावजूद वे नए कृषि कानूनों को किसान विरोधी बताते हुए सरकार के खिलाफ किसानों को उकसा रहे हैं।’’
आढ़तियों को इन सुधारों के लाभों के बारे में बताते हुए, पुरी ने कहा कि ये कानून उनके लिए भी नए अवसर पैदा करेंगे।
मंत्री पंजाब में तरनतारन और अमृतसर से कृषि क्षेत्र के वैज्ञानिकों, प्रोफेसरों और अन्य वरिष्ठ पेशेवरों के साथ बातचीत कर रहे थे।
अपनी बातचीत के दौरान, पुरी ने यह भी कहा कि पंजाब में एमएसपी में अनाज की खरीद में वृद्धि हुई है।
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