देश की खबरें | महाराष्ट्र के गृह मंत्री ने नेताओं को सांप्रदायिक बयान देने से बचने को कहा

मुंबई, पांच अप्रैल महाराष्ट्र के गृह मंत्री दिलीप वलसे पाटिल ने मंगलवार को कहा कि किसी को भी ऐसे बयान नहीं देने चाहिए जिससे सांप्रदायिक विद्वेष पैदा हो और पुलिस स्थिति पर कड़ी नजर रखे हुए है।

वलसे पाटिल से महाराष्ट्र नव निर्माण सेना (मनसे) प्रमुख राज ठाकरे की ओर से हाल में मस्जिदों में लगे लाउड स्पीकर को बंद करने के संबंध में सवाल पूछा गया था।

शनिवार को शिवाजी पार्क में एक रैली को संबोधित करते हुए ठाकरे ने यह भी कहा था कि अगर ऐसा कदम नहीं उठाया गया तो मस्जिदों के बाहर लाउडस्पीकर लगाकर तेज आवाज़ में हनुमान चालीसा को बजाया जाएगा।

ठाकरे के रुख का समर्थन भाजपा नेता मोहित कंबोज ने किया है, जिन्होंने मंदिरों में 'हनुमान चालीसा' बजाने के वास्ते लाउडस्पीकर लगाने के लिए धन देने की पेशकश की और मस्जिदों से "अवैध" लाउडस्पीकर को हटाने की मांग भी की।

वलसे पाटिल ने पत्रकारों से कहा, “गृह विभाग का विचार है कि किसी को भी इस तरह से कार्य नहीं करना चाहिए, जिससे समुदायों के बीच विभाजन हो।”

मनसे अध्यक्ष के खिलाफ मामला दर्ज करने की मांग पर वलसे पाटिल ने कहा कि इसकी जांच की जाएगी और उसके मुताबिक आगे कदम उठाए जाएंगे।

उन्होंने कहा, “मैंने विधानसभा में कहा था कि कुछ दल भड़काऊ भाषण देकर समुदायों के बीच विभाजन पैदा करने की कोशिश कर रहे हैं। यह महाराष्ट्र और देश की एकता और सांप्रदायिक सद्भाव के लिए ठीक नहीं है।”

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