कोच्चि, 15 अगस्त केरल उच्च न्यायालय ने पलक्कड की एक सत्र अदालत को नवंबर 2021 में जिले में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के एक कार्यकर्ता की हत्या से जुड़े मुकदमे की सुनवाई में तेजी लाने का निर्देश दिया है।
न्यायमूर्ति बेचू कुरियन थॉमस ने मामले में एक आरोपी को जमानत देते हुए सत्र अदालत को यह निर्देश जारी किया, जिस पर हत्या की साजिश रचने और तीन मुख्य आरोपियों को शरण देने आरोप है।
अभियोजन पक्ष ने आरोपी को राहत देने का विरोध किया। उसने तर्क दिया कि पलक्कड में संघ कार्यकर्ता ए संजीत की हत्या के बाद अप्रैल 2022 में वहां दो और हत्याएं हुईं तथा जिले में स्थिति संवेदनशील है।
अभियोजन पक्ष ने आगे कहा कि इन परिस्थितियों में अभियुक्त की रिहाई पलक्कड में कानून-व्यवस्था की गंभीर समस्या पैदा करेगी।
हालांकि, उच्च न्यायालय का विचार था कि आरोपी इस साल जनवरी से हिरासत में है और उसके खिलाफ लगे आरोपों की प्रकृति को भी ध्यान में रखते हुए उसे जमानत दी जानी चाहिए।
उच्च न्यायालय ने 50,000 रुपये के मुचलके और इतनी ही राशि के दो जमानतदार पेश करने पर आरोपी को जमानत पर रिहा करने की अनुमति दी।
उच्च न्यायालय ने आरोपी को मुकदमे में सहयोग करने, सत्र अदालत के समक्ष पेश होने के अलावा पलक्कड जिले की सीमा में प्रवेश नहीं करने और गवाहों को डराने या प्रभावित करने तथा सबूतों से छेड़छाड़ का प्रयास न करने का निर्देश दिया।
उच्च न्यायालय ने स्पष्ट किया कि इनमें से किसी भी शर्त का उल्लंघन करने पर आरोपी की जमानत रद्द की जा सकती है।
(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)













QuickLY