देश की खबरें | न्यायाधीश-आबादी अनुपात वर्ष 2020 में प्रति 10 लाख लोगों पर 21.03 न्यायाधीश रहा: कानून मंत्री

नयी दिल्ली, पांच अगस्त भारत में न्यायाधीश-जनसंख्या अनुपात वर्ष 2020 में प्रति 10 लाख लोगों पर 21.03 न्यायाधीश का था। सरकार ने बृहस्पतिवार को राज्यसभा को यह जानकारी दी।

कानून मंत्री किरेन रिजिजू ने एक लिखित उत्तर में उच्च सदन को बताया कि वर्ष 2018 में न्यायाधीश-जनसंख्या अनुपात प्रति10 लाख लोगों पर 19.78 न्यायाधीश और वर्ष 2019 में 20.39 न्यायधीश का था।

उन्होंने कहा कि किसी विशेष वर्ष में प्रति 10 लाख जनसंख्या पर न्यायाधीश-जनसंख्या अनुपात की गणना करने के लिए, कानून मंत्रालय में न्याय विभाग, वर्ष 2011 की जनगणना आंकड़ों और सर्वोच्च न्यायालय, उच्च न्यायालयों, जिला और अधीनस्थ न्यायालयों में किसी विशेष वर्ष में न्यायाधीशों की स्वीकृत पदों के बारे में उपलब्ध जानकारी का उपयोग करता है।

भारत में 25 उच्च न्यायालय हैं।

मंत्री ने कहा, ‘‘उपरोक्त मानदंड का उपयोग करते हुए, न्यायाधीश-जनसंख्या अनुपात वर्ष 2020 के लिए प्रति 10 लाख की जनसंख्या पर 21.03 न्यायाधीशों का है।’’

उच्चतम न्यायालय में जजों की स्वीकृत संख्या वर्ष 2014 में 31 से बढ़कर वर्ष 2020 में 34 हो गई।

उच्च न्यायालयों के न्यायाधीशों की स्वीकृत पदों की संख्या जून 2014 के 906 न्यायाधीशों से बढ़कर दिसंबर, वर्ष 2020 में 1,079 न्यायाधीश हो गई।

रिजिजू ने कहा कि जिला और अधीनस्थ न्यायालयों के न्यायाधीशों की स्वीकृत संख्या वर्ष 2014 में 19,518 से बढ़कर वर्ष 2020 में 24,225 हो गई।

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