ढाका, 26 सितंबर भारतीय उच्चायुक्त ने यहां कहा कि भारत और बांग्लादेश विकास में साझेदार हैं और द्विपक्षीय सहयोग सिर्फ लेनदेन पर ही नहीं टिका क्योंकि यह विश्वास और परस्पर सम्मान पर आधारित है।
भारतीय उच्चायुक्त रीवा गांगुली दास ने महात्मा गांधी की 150वीं जयंती के उपलक्ष्य में आयोजित एक ऑनलाइन संगोष्ठी में कहा कि भारत मुक्ति संग्राम और भारत-बांग्लादेश के बीच राजनयिक संबंधों की स्थापना के 50 वर्ष होने को संयुक्त रूप से मनाने की प्रतीक्षा कर रहा है।
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महात्मा गांधी की 150वीं जयंती के उपलक्ष्य में दो साल चले कार्यक्रमों का दो अक्टूबर 2020 को समापन होगा।
भारतीय राजदूत ने कहा कि वह एक ही मंच पर बांग्लादेश के सभी गांधी आश्रमों के प्रतिभागियों से संवाद कर बेहद खुश हैं।
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उन्होंने प्रतिभागियों से भारत-बांग्लादेश के साझे इतिहास के संरक्षण और दोस्ती के इस बंधन को और मजबूती देने की दिशा में काम करने का अनुरोध किया।
भारतीय उच्चायोग द्वारा बृहस्पतिवार को “महात्मा गांधी की याद में” शीर्षक से संगोष्ठी का आयोजन किया गया जिसमें कई बांग्लादेशी सांसदों ने हिस्सा लिया।
इस मौके पर दास ने कहा कि नोआखली, जमालपुर, अतराई और दोहर में गांधी आश्रमों ने बांग्लादेश में गांधीवादी सिद्धांतों की लौ जला रखी है।
उन्होंने महात्मा गांधी और बंगबंधु शेख मुजीबुर रहमान दोनों को श्रद्धांजलि दी।
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