विदेश की खबरें | अमेरिकी सांसदों के समूह ने बाइडन से प्रधानमंत्री मोदी के समक्ष ‘चिंता वाले मुद्दे’ उठाने को कहा
श्रीलंका के प्रधानमंत्री दिनेश गुणवर्धने

वाशिंगटन, 20 जून अमेरिकी सांसदों के एक समूह ने मंगलवार को अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन को पत्र लिखकर उनसे प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के समक्ष ‘‘चिंता वाले मुद्दे’’ को उठाने तथा दोनों देशों के बीच मजबूत एवं दीर्घकालिक संबंध सफल बनाने के लिए जरूरी सभी मुद्दों पर चर्चा करने का आग्रह किया।

भारतवंशी सांसद प्रमिला जयपाल सहित 75 सांसदों के हस्ताक्षर वाले पत्र में कहा गया है, ‘‘लंबे समय से भारत-अमेरिका के मजबूत संबंधों के समर्थक के रूप में, हम यह भी मानते हैं कि दोस्तों को अपने मतभेदों पर ईमानदार और स्पष्ट तरीके से चर्चा करनी चाहिए।’’

पत्र में कहा गया है, ‘‘इसलिए हम सम्मानपूर्वक अनुरोध करते हैं कि भारत और अमेरिका के बीच साझा हितों के कई क्षेत्रों के अलावा आप सीधे प्रधानमंत्री मोदी के साथ चिंता के मुद्दों को भी उठाएं।’’

भारत को चार देशों के समूह क्वाड का एक महत्वपूर्ण सदस्य और हिंद-प्रशांत क्षेत्र में स्थिरता के लिए एक महत्वपूर्ण भागीदार बताते हुए पत्र में कहा गया है कि सांसद दोनों देशों के बीच गहरी होती रणनीतिक साझेदारी का समर्थन करते हैं।

पत्र में भारत में ‘‘धार्मिक असहिष्णुता के बढ़ने, नागरिक समाज संगठनों और पत्रकारों को निशाना बनाने, तथा प्रेस की स्वतंत्रता और इंटरनेट तक पहुंच पर बढ़ते प्रतिबंधों’’ के बारे में खबरों का उल्लेख किया गया है और विदेश विभाग की भारत में मानवाधिकार को लेकर 2022 की देश आधारित रिपोर्ट का भी उल्लेख किया गया है।

इस बीच, अंतरराष्ट्रीय धार्मिक स्वतंत्रता पर अमेरिकी आयोग (यूएससीआईआरएफ) ने बाइडन से मोदी की राजकीय यात्रा के दौरान भारत में धार्मिक स्वतंत्रता एवं अन्य संबंधित मानवाधिकारों के मुद्दों को उठाने का आग्रह किया।

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