जरुरी जानकारी | गेल का चौथी तिमाही लाभ 28 प्रतिशत बढ़कर 1,907.67 करोड़ रुपये हुआ

गेल के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक मनोज जैन ने पत्रकारों के साथ आनलाइन बातचीत में कहा कि जनवरी-मार्च 2021 तिमाही में कंपनी का कुल मुनाफ़ा 1,907.67 करोड़ रुपये रहा। पिछले वित्त वर्ष की इसी तिमाही में यह 1,487.33 करोड़ रूपए था।

उन्होंने कहा कि मुनाफा में बढ़ोतरी का मुख्य कारण पेट्रोकेमिकल व्यवसाय का अच्छा प्रदर्शन और प्राकृतिक गैस विपणन और एलपीजी खंड रहा है।

उन्होंने कहा कि कोविड-19 के कारण लगाए गए सख्त लॉकडाउन से निकलने के बाद पेट्रोकेमिकल संयंत्र पूरी क्षमता के साथ चले, जिससे कंपनी को पेट्रोरसायन कारोबार में कर पूर्व लाभ 40 प्रतिशत बढ़कर 608 करोड़ रुपये हो गया।

उन्होंने बताया कि कीमतों में सुधार से गैस कारोबार में मजबूती लौटी, जिससे पिछले वित्त वर्ष की चौथी तिमाही में इस कारोबार में 73.70 करोड़ रुपये के पिछले साल घाटे के मुकाबले इस वर्ष 281 करोड़ रुपये का कर पूर्व लाभ हुआ।

उन्होंने कहा, ‘‘वित्त वर्ष 2021 की पहली और दूसरी तिमाही कम कीमतों की वजह से काफी ख़राब रही। हमें बड़ा झटका लेकिन हम शेष वित्तीय वर्ष 2020-21 में घाटे की भरपाई करने में सफल रहे हैं। उम्मीद है वित्त 2021-22 अच्छा रहेगा।’’

उन्होंने कहा, ‘‘मौजूदा वित्त वर्ष में कच्चे तेल के 60 डॉलर प्रति बैरल से ऊपर रहने की उम्मीद है, जिससे अच्छा मार्जिन प्राप्त होता है। कोविड-19 की दूसरी लहर के कारण लागू प्रतिबंधों से अप्रैल और मई में गैस की खपत प्रभावित हुई है।’’

वही, पूरे वित्त वर्ष 2020-21 में गेल का लाभ 26 प्रतिशत घटकर 4,890 करोड़ रुपये रहा। इसका मुख्य कारण पिछले वर्ष की पहली छमाही में लगा लॉकडाउन रहा। इस दौरान कंपनी का कारोबार भी 21 प्रतिशत की गिरावट के साथ 56,529 करोड़ रुपए रह गया।

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