भुवनेश्वर, चार अगस्त ओडिशा सरकार ने शुक्रवार को दावा किया कि राज्य में नदियों का जलस्तर घट रहा है तथा बाढ़ की स्थिति ‘नियंत्रण में’ है।
जल संसाधन विभाग के प्रधान अभियंता (ईआईसी) भक्त रंजन मोहंती ने कहा कि महानदी और बैतरणी नदियों के कारण आयी बाढ़ अब नियंत्रण में है।
उन्होंने कहा कि जाजपुर जिले के रसूलपुर और जगतसिंहपुर जिले के कुजांग क्षेत्र में नदी तटबंधों में कटाव आ गये हैं।
उन्होंने कहा , ‘‘सभी नदियों का जलस्तर घट रहा है क्योंकि कल और आज वर्षा नहीं हुई ।’’
उन्होंने कहा कि महानदी की कुछ सहायक नदियों में बाढ़ का पानी अधिकतम जलस्तर पर शुक्रवार दोपहर बाद केंद्रपाड़ा जिले से होकर गुजरेगा। उन्होंने कहा, ‘‘हमारे लोग तटबंधों की रखवाली कर रहे हैं तथा सभी संभावित कटाव को रोकने की कोशिश की जा रही है।’’
प्रधान अभियंता ने कहा कि महानदी नदी में कटक के समीप मुंडाली में बाढ़ का जलप्रवाह बृहस्पतिवार को 9.20 लाख क्यूसेक से घटकर करीब सात लाख क्यूसेक रह गया।
उन्होंने कहा कि प्रशासन को हीराकुड जलाशय के और द्वार खोलने होंगे क्योंकि बांध में जलप्रवाह बढ़ रहा है।
उन्होंने कहा कि हीराकुड में पानी का स्तर फिलहाल 616.39फुट है जबकि जलाशय की भंडारण क्षमता 630 फुट है।
उन्होंने कहा,‘‘हीराकुछ में जलस्तर को बनाये रखने की जरूरत है जिसके लिए दोपहर में जलद्वार खोले जायेंगे।
इस बीच खबर है कि कटक जिले के बांकी और अथागढ़ में महानदी का पानी घुस गया। इसके अलावा नयागढ़, बौध और सोनेपुर जिलों में भी जलभराव है तथा खुर्दा और पुरी जिलों के कुछ क्षेत्र भी जलमग्न हैं। यह जानकारी विशेष राहत आयुक्त कार्यालय के एक अधिकारी ने दी।
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