फीफा ने कोरोना वायरस महामारी के मद्देनजर खिलाड़ियों के शारीरिक तनाव को कम करने के लिए इस मामले में अस्थायी बदलाव किया है।
इस फैसले से बार्सीलोना जैसे बड़ी टीमों को फायदा हो सकता है जिनकी टीम में बेहतर खिलाड़ी मौके के इंतजार में रहते है।
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सेटियान की सोच हालांकि इससे अलग है। कोच ने कहा कि इससे विरोधी टीम को फायदा होगा जो मैच के आखिरी क्षणों में ज्यादा तरोताजा रहेंगे।
सेटियान ने लास पालमास फुटबॉल महासंघ से वीडियो कांफ्रेस में कहा, ‘‘ मुझे लगता है इससे हमें नुकसान होगा।’’
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उन्होंन कहा, ‘‘ हमें पता है कि हम मैच के अंतिम मिनटों में ज्यादा गोल करते है। ऐसे में अगर प्रतिद्वंद्वी टीम के पास मैदान में स्थानापन्न खिलाड़ियों को उतारने का मौका होगा तो हम थकान से होने वाली उनकी कमजोरी का फायदा नहीं उठा पायेंगे।
कोविड-19 महामारी के कारण मार्च में जब ला लीगा को स्थगित किया गया था उस समय बार्सीलोना तालिका में शीर्ष पर था। रीयाल मैड्रिड उससे दो अंक पीछे दूसरे पायदान पर है। लीग को 11 जून से फिर से शुरू करने की योजना है।
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