प्रवर्तन निदेशालय ने पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद एवं अन्य के खिलाफ चारा घोटाले में मामला दर्ज किया
प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने चारा घोटाले के संबंध में बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद एवं अन्य के खिलाफ मामला दर्ज किया है. यह मामला केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) की विशेष अदालत के निर्देश के अनुसार, दुमका एवं देवघर कोषागार से धन गबन से जुड़े मामलों में दर्ज किया गया है और इस धन से खरीदी गयी अवैध परिसंपत्तियों का पता लगाकर उनकी जब्ती की जाएगी.
रांची, 24 फरवरी : प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने चारा घोटाले के संबंध में बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद एवं अन्य के खिलाफ मामला दर्ज किया है. यह मामला केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) की विशेष अदालत के निर्देश के अनुसार, दुमका एवं देवघर कोषागार से धन गबन से जुड़े मामलों में दर्ज किया गया है और इस धन से खरीदी गयी अवैध परिसंपत्तियों का पता लगाकर उनकी जब्ती की जाएगी. लालू प्रसाद को चारा घोटाले के पांचवें मामले में हाल में पांच साल की कैद और 60 लाख रुपये जुर्माने की सज़ा सुनाई गई है.
प्रवर्तन निदेशालय के सूत्रों ने यहां बताया कि दुमका कोषागार से धन गबन के मामले में अपना फैसला सुनाते हुए अप्रैल 2018 में रांची में सीबीआई के विशेष न्यायाधीश शिवपाल सिंह ने निदेशालय को निर्देश दिया था कि इस घोटाले की रकम से खरीदी गयी अवैध संपत्ति की जांच कर उनकी जब्ती की कार्रवाई की जाए. उन्होंने बताया कि इसी तरह का आदेश देवघर कोषागार मामले में भी आया था और इन दोनों फैसलों के आलोक में ईडी ने दो मामले दर्ज कर किए हैं तथा अब इनकी जांच की जाएगी. इस बीच, चारा घोटाले के डोरंडा कोषागार मामले में भी सीबीआई के न्यायाधीश एस के शशि का भी विस्तृत फैसला आ गया है जिसमें उन्होंने चारा घोटाले में लालू प्रसाद समेत सभी जीवित या मृत दोषियों की अवैध परिसंपत्तियों का पता लगाकर उन्हें जब्त करने का सुझाव ईडी को दिया है. यह भी पढ़ें : ईडी ने नवाब मलिक को गिरफ्तार किया, राकांपा और सहयोगी दल बचाव में आगे आए
ईडी के अधिकारियों ने बताया कि अब निदेशालय डोरंडा मामले में भी सीबीआई अदालत के आदेश का अध्ययन कर उचित कार्रवाई शीघ्र करेगा. बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद यादव को अब ईडी का सामना करना पड़ेगा. सीबीआई अदालतें देवघर और दुमका मामलों में लालू प्रसाद एवं उनके अन्य सहयोगियों को पहले ही दोषी करार देकर सजा सुना चुकी हैं. ये दो मामले झारखंड के देवघर कोषागार से 3.76 करोड़ रुपये और दुमका कोषागार से 34.91 करोड़ रुपये की अवैध निकासी के हैं.
ईडी ने लालू के अलावा चारा घोटाले में सजायाफ्ता जिन लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की है, उनमें अजीत कुमार वर्मा, अरुण कुमार सिंह, विमल कांत दास, गोपीनाथ दास, कृष्णा कुमार प्रसाद, मनोरंजन प्रसाद, महिंदर सिंह बेदी, नंदकिशोर प्रसाद, नरेश प्रसाद, ओम प्रकाश दिवाकर, पंकज मोहन भुज, फूलचंद सिंह, पीतांबर झा, राधा मोहन मंडल, राजकुमार शर्मा उर्फ राजा राम जोशी, रघुनंदन प्रसाद, राजेंद्र कुमार बगरिया और शरदेंदु कुमार दास भी शामिल हैं.
(The above story first appeared on LatestLY on Feb 24, 2022 01:25 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

