देश की खबरें | हाथी मानव द्वंद्व रोकने एवं हाथी को मानव का मित्र बनाने करें पहल : बघेल
एनडीआरएफ/प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: ANI)

रायपुर, नौ सितंबर छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने राज्य में हाथी-मानव द्वंद्व को रोकने के लिए हाथी को मानव का मित्र बनाने की कोशिश करने के लिए कहा है।

राज्य के वरिष्ठ अधिकारियों ने बताया कि मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की अध्यक्षता में बुधवार को उनके निवास कार्यालय में कॉम्पनसेटरी एफॉरेस्टेशन फंड मैनेजमेंड ऐंड प्लानिंग अथॉरिटी (कैम्पा) शासी निकाय की प्रथम बैठक आयोजित की गई। बघेल ने बैठक में कैम्पा मद से कराए गए कार्यों की विस्तृत समीक्षा की।

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बैठक में बघेल ने कहा कि हाथी-मानव द्वंद्व की स्थिति को रोकने के लिए हाथी को मानव का मित्र बनाने की पहल की जाए।

उन्होंने कहा कि राज्य में हाथी के रहवास क्षेत्रों में पर्याप्त भोजन तथा पानी आदि की व्यवस्था का प्रबंध हो, जिससे हाथी-मानव द्वंद्व में आसानी से नियंत्रण पाया जा सके।

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मुख्यमंत्री बघेल ने हाथी-मानव द्वंद्व में नियंत्रण पाने के लिए जन-जागरूकता लाने सहित बेहतर कार्य योजना बनाने के संबंध में विशेष जोर दिया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि एक अनुमान के अनुसार केरल में लगभग 6,000 हाथी हैं, वहां यदा-कदा ही हाथी-मानव द्वंद्व की स्थिति निर्मित होती है। हाथियों को मानव का मित्र बनाने की दिशा में आवश्यक पहल होनी चाहिए।

उन्होंने कहा कि हाथी एक बहुत ही शांत, समझदार तथा सामाजिक प्राणी होता है, इसके स्वभाव को समझकर तथा जन-जागरूकता से हाथी-मानव द्वंद्व को कम किया जा सकता है।

छत्तीसगढ़ के उत्तर क्षेत्र के सरगुजा, कोरबा, सूरजपुर, रायगढ़, बलरामपुर, जशपुर और कोरिया जिले में हाथी मानव द्वंद्व की खबरें आती रहती है।

इन क्षेत्रों में हाथी के हमले में लोगों की मौत होने तथा फसलों को नुकसान पहुंचने के कारण ग्रामीण दशहत में हैं।

राज्य के उत्तर क्षेत्र के इन जिलों में अक्सर किसान जंगली जानवरों से अपनी फसलों को बचाने के लिए खेतों में करंट प्रवाहित कर देते हैं। इससे कई जानवरों की मौत हो चुकी है।

राज्य में पिछले तीन महीने के दौरान विद्युत करंट समेत अन्य कारणों से आठ हाथियों की मृत्यु हुई है।

छत्तीसगढ़ में ऐसी स्थिति से निपटने तथा हाथियों और मानव के बीच द्वंद्व से बचाव के लिए 10 लोगों की एक टीम बनाई गई है। इनमें हाथी प्रभावित क्षेत्र के वन मंडल अधिकारी भी शामिल हैं।

बैठक में वन मंत्री मोहम्मद अकबर अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे।

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