जरुरी जानकारी | राज्यों के खाद्य मंत्रियों का सम्मेलन पांच जुलाई को, खरीफ की खरीद, खाद्य सुरक्षा पर करेंगे चर्चा

नयी दिल्ली, चार जुलाई राज्यों के खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्रियों का एक राष्ट्रीय सम्मेलन बुधवार को राष्ट्रीय राजधानी में आयोजित होने वाला है जिसमें खरीफ खरीद, पीएमजीकेएवाई और खाद्य व पोषण संबंधी सुरक्षा पर चर्चा की जाएगी। ।

केंद्रीय उपभोक्ता मामले, खाद्य और सार्वजनिक वितरण मंत्री पीयूष गोयल सम्मेलन की अध्यक्षता करेंगे।

वार्षिक सम्मेलन में कनिष्ठ मंत्री साध्वी निरंजन ज्योति और अश्विनी कुमार चौबे भी उपस्थित रहेंगे।

देशभर के राज्यों के खाद्य मंत्री और खाद्य सचिव इस कार्यक्रम में उपस्थित रहेंगे।

एक सरकारी बयान में कहा गया है, ‘‘सम्मेलन का उद्देश्य खरीफ विपणन सत्र (केएमएस) 2023-24 के दौरान मोटे अनाज की खरीद के लिए एक कार्ययोजना विकसित करना, पीएमजीकेएवाई के प्रभावी कार्यान्वयन के लिए सरकार द्वारा की गई प्रमुख पहलों पर चर्चा करना, राज्यों/केंद्रशासित प्रदेशों की सर्वोत्तम प्रथाओं का प्रसार करना तथा खाद्य और पोषण सुरक्षा पर ध्यान केंद्रित करना है।’’

कार्यक्रम में केंद्रीय मंत्री नौ साल की उपलब्धि पुस्तिका, चीनी-एथनॉल पोर्टल की पेशकश करेंगे।

सम्मेलन में स्मार्ट-पीडीएस के कार्यान्वयन, आपूर्ति-श्रृंखला को व्यापक करने, खरीद केंद्रों की ग्रेडिंग करने और उचित मूल्य की दुकानों (एफपीएस) का रूपांतरण आदि पर भी विचार-विमर्श होगा।

यह सम्मेलन देश में खाद्य और पोषण सुरक्षा पारिस्थितिकी तंत्र के बदलाव को प्राप्त करने के लिए चुनौतियों और अवसरों पर विचार करने और वर्ष 2023-24 के लिए दिशानिर्देश तैयार करने के लिए एक मंच के रूप में काम करेगा।

पिछले नौ साल में खाद्य और उपभोक्ता मामलों के मंत्रालय ने समाज के गरीब और कमजोर वर्गों को खाद्यान्न की समय पर आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए कई पहल की हैं।

एक जनवरी, 2023 से प्रमुख योजना प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना (पीएमजीकेएवाई) के कार्यान्वयन ने लगभग 80 करोड़ लाभार्थियों के लिए मुफ्त खाद्यान्न के प्रावधान प्रभावी बना दिया है।

इन महत्वपूर्ण उपायों के माध्यम से सार्वजनिक वितरण प्रणाली (पीडीएस) को मजबूत किया गया है और इसकी दक्षता में वृद्धि हुई है।

इसमें कहा गया है कि प्रणाली में प्रगति और सुधार को आगे बनाए रखने के लिए विभाग प्रणाली की दक्षता बढ़ाने और खाद्य और पोषण सुरक्षा पर ध्यान केंद्रित करने के लिए नई पहल शुरू करने की तैयारी कर रहा है।

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)