J-K: पाकिस्तानी मूल की ब्रिटिश सांसद नाज शाह ने अलापा कश्मीर राग, भारत ने कर दी बोलती बंद
ब्रिटेन में सांसदों ने हाउस ऑफ कॉमन्स में चर्चा के लिए ‘‘कश्मीर में मानवाधिकारों’’ पर एक प्रस्ताव रखा है जिस पर भारत ने कड़ी प्रतिक्रिया जताते हुए कहा कि देश के अभिन्न हिस्से से संबंधित विषय पर किसी भी मंच पर किए गए दावे को पुष्ट तथ्यों के साथ प्रमाणित करने की आवश्यकता है.
लंदन, 24 सितंबर : ब्रिटेन में सांसदों ने हाउस ऑफ कॉमन्स में चर्चा के लिए ‘‘कश्मीर में मानवाधिकारों’’ पर एक प्रस्ताव रखा है जिस पर भारत ने कड़ी प्रतिक्रिया जताते हुए कहा कि देश के अभिन्न हिस्से से संबंधित विषय पर किसी भी मंच पर किए गए दावे को पुष्ट तथ्यों के साथ प्रमाणित करने की आवश्यकता है. ब्रिटेन में कश्मीर पर ‘ऑल पार्टी पार्लियामेंट्री ग्रुप’ (एपीपीजी) के सांसदों ने यह प्रस्ताव रखा है.
विदेश, राष्ट्रमंडल और विकास कार्यालय (एफसीडीओ) में एशिया की मंत्री अमांडा मिलिंग ने बृहस्पतिवार को चर्चा में द्विपक्षीय मुद्दे के तौर पर कश्मीर पर ब्रिटेन सरकार के रुख में कोई परिवर्तन न आने की बात दोहरायी. मिलिंग ने कहा, ‘‘सरकार कश्मीर में स्थिति को बहुत गंभीरता से लेती है लेकिन भारत और पाकिस्तान को ही कश्मीरी लोगों की इच्छा का सम्मान करते हुए स्थायी राजनीतिक समाधान तलाशना होगा. यह भी पढ़ें : America: प्रधानमंत्री मोदी के साथ बैठक में शीर्ष अमेरिकी सीईओ ने भारत में हुए सुधारों की सराहना की: विदेश सचिव
ब्रिटेन का जिम्मा इसका कोई समाधान देना या मध्यस्थ के तौर पर काम करने का नहीं है.’’ भारत सरकार ने इस चर्चा में भाग ले रहे सांसदों खासतौर से पाकिस्तानी मूल की सांसद नाज शाह द्वारा इस्तेमाल की गई पर निराशा जतायी है.
(The above story first appeared on LatestLY on Sep 24, 2021 11:28 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

