देश की खबरें | कृषि क्षेत्र को और अधिक ऋण सुविधाएं मिलें : गहलोत
एनडीआरएफ/प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: ANI)

जयपुर, आठ दिसंबर राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कृषि क्षेत्र में ऋण सुविधाएं बढ़ाने की वकालत करते हुए मंगलवार को कहा कि किसान तथा कृषि देश की अर्थव्यवस्था की मुख्य धुरी है और उनका उत्थान राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है।

गहलोत ने वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से नाबार्ड की राज्य स्तरीय ऋण संगोष्ठी को संबोधित करते हुए कहा कि कृषि क्षेत्र के विकास में बैंकों का सहयोग महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि नाबार्ड और सहकारी बैंकों के साथ-साथ राष्ट्रीयकृत बैंक भी कृषि तथा इससे संबंधित क्षेत्रों के लिए ऋण सुविधाओं का विस्तार करें ताकि किसानों की वित्तीय आवश्यकताएं समय पर पूरी हों और उनकी खुशहाली का मार्ग प्रशस्त हो।

यह भी पढ़े | Jharkhand: पत्नी ने पति की हत्या के लिए दी 5 लाख की सुपारी, पुलिस ने ऐसे बचाई जान.

इस अवसर पर उन्होंने नाबार्ड के ‘स्टेट फोकस पेपर: वर्ष 2021-22‘ का विमोचन भी किया।

उन्होंने कहा, ‘‘राजस्थान की भौगोलिक परिस्थितियां विषम हैं लेकिन कृषि क्षेत्र में विकास की अपार सम्भावनाएं मौजूद हैं। इसे ध्यान में रखते हुए प्रदेश के लिए नाबार्ड, रिजर्व बैंक तथा अन्य बैंक कृषि में आधारभूत संरचना की प्रगति के लिए कृषि ऋण में दीर्घकालीन कृषि ऋण के अनुपात को 20 प्रतिशत बढ़ाएं।’’

यह भी पढ़े | Farmers Protest: कांग्रेस का पीएम पर निशाना, कहा-प्रधानमंत्री की नीतियां कृषि क्षेत्र को नष्ट करने पर तुली हुई हैं, वे आभासी छवि से बाहर निकल कर ध्यान दें.

मुख्यमंत्री ने कहा, ‘‘देश का किसान कर्ज से दबा हुआ है और उसे समृद्ध बनाने के लिए ऋण सुविधाओं में विस्तार के साथ ही कर्ज माफी जैसे साहसिक फैसले लेने की जरूरत है। राज्य में कांग्रेस सरकार बनते ही हमने सबसे पहला निर्णय किसानों की कर्ज माफी का किया, इससे करीब 20 लाख किसान लाभान्वित हुए।’’

उन्होंने कहा, ‘‘यदि राष्ट्रीयकृत बैंक इसमें सहयोग करें तो और अधिक किसानों को इसका लाभ मिल सकता है। इस संबंध में एकमुश्त समझौता योजना बनाने के लिए हमने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को पत्र भी लिखा है।’’

(यह सिंडिकेटेड न्यूज़ फीड से अनएडिटेड और ऑटो-जेनरेटेड स्टोरी है, ऐसी संभावना है कि लेटेस्टली स्टाफ द्वारा इसमें कोई बदलाव या एडिट नहीं किया गया है)