हाथरस (उप्र), आठ अक्टूबर हाथरस के कथित सामूहिक बलात्कार मामले के चार आरोपियों ने यहां के पुलिस अधीक्षक को एक पत्र लिखा है और दावा किया है कि वे निर्दोष हैं और उन्हें मामले में झूठे ही फंसाया गया है।
अलीगढ़ जिला जेल से लिखा गया पत्र सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है। चारों आरोपी अलीगढ़ जिला जेल में ही बंद हैं।
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पत्र में मुख्य आरोपी संदीप ने यह भी दावा किया है कि उसकी कथित सामूहिक बलात्कार पीड़िता से दोस्ती थी जिसके कारण उसकी मां और भाई ने उसे मारा-पीटा था जिससे उसे गंभीर चोटें आई थी और उसी के चलते उसकी बाद में मौत हो गयी थी।
हाथरस के पुलिस अधीक्षक विनीत जायसवाल ने पत्र प्राप्त होने की पुष्टि की।
उन्होंने कहा, ‘‘चारों आरोपियों ने अलीगढ़ जिला जेल अधीक्षक को एक पत्र दिया था और उन्होंने वह पत्र मुझे भेजा है। पत्र मुझे प्राप्त हो गया है, इस पर जो भी विधि सम्मत कार्रवाई होगी वह की जायेगी।’’
सात अक्टूबर की तिथि वाले पत्र पर मामले के चारों आरोपियों संदीप, लवकुश, रवि और रामू उर्फ रामकुमार के अंगूठे के निशान के साथ-साथ नाम लिखे हुये हैं।
पत्र हाथरस के पुलिस अधीक्षक को लिखा गया है और यह पत्र मुख्य आरोपी संदीप की ओर से लिखा गया है।
आरोपियों ने बेगुनाह होने का दावा करते हुए पुलिस अधीक्षक से मामले की जांच कराने और उन्हें न्याय सुनिश्चित कराने का आग्रह किया है।
उन्नीस वर्षीय कथित सामूहिक बलात्कार पीड़िता की दिल्ली के एक अस्पताल में मौत हो गई थी।
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