जरुरी जानकारी | भारत के 43 प्रतिशत उपभोक्ताओं ने चीन के सामान नहीं खरीदे लकोविड-19 के चलते व्यापार बढ़ा: सर्वेक्षण

नयी दिल्ली, 14 जून ऑनलाइन कंपनी लोकलसर्कल्स की एक रिपोर्ट के अनुसार उसके सर्वेक्षण में हिस्सा लेने वाले करीब आधे भारतीय उपभोक्ताओं ने कहा कि उन्होंने चीन के साथ सीमा पर तनाव के चलते पिछले 12 महीनों में चीन में बना कोई भी सामान नहीं खरीदा।

सर्वेक्षण एक से 10 जून के बीच किया गया और इसमें देश के 281 जिलों के 17,800 नागरिकों ने हिस्सा लिया।

रिपोर्ट के अनुसार हालांकि जनवरी-मई 2021 में चीन से होने वाले वार्षिक आयात में 42 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गयी जिसका कारण चीन से जीवन रक्षक चिकित्सा उपकरण और चिकित्सीय ऑक्सीजन उपकरणों के आयात में हुई वृद्धि है।

रिपोर्ट में कहा गया, "असल में मध्यवर्ती वस्तुओं के भारतीय आयातों में चीन की हिस्सेदारी 12 प्रतिशत है और पूंजी वस्तुओं में यह 30 प्रतिशत है जबकि उपभोक्ता वस्तुओं में यह 26 प्रतिशत है।"

इसमें कहा गया, "सर्वेक्षण में शामिल पहले सवाल के जरिए यह समझने की कोशिश की गयी कि भारतीय उपभोक्ताओं ने पिछले 12 महीनों में चीन में बने कितने उत्पाद खरीदे। जवाब में 43 प्रतिशत लोगों ने कहा कि उन्होंने चीन में बना कोई भी सामान नहीं खरीदा।"

जून 2020 में गलवान घाटी में भारत और चीन के सैनिकों के बीच हुई झड़प में 20 भारतीय जवान शहीद हुए थे। चीन के भी कई सैनिक मारे गए लेकिन उसने उनकी संख्या नहीं बतायी है।

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