कोलकाता, पांच अगस्त कोलकाता में 36 वर्षीय एक हृदय रोग सर्जन की कोरोना वायरस संक्रमण के कारण मौत हो गई है। स्वास्थ्य विभाग के सूत्रों ने बुधवार को यह जानकारी दी।
सूत्रों ने बताया कि डॉ नीतीश कुमार मध्य जुलाई में कोविड-19 से संक्रमित पाए गए थे और एक निजी अस्पताल में उनका इलाज चल रहा था।
अस्पताल में एक डॉक्टर ने कहा कि उन्हें बचाने के सभी प्रयास किए गए लेकिन उनकी हालत लगातार बिगड़ती गई।
उन्होंने कहा, ‘‘वह लगभग 14 दिनों तक ईसीएमओ सपोर्ट पर रहे और फिर हमने प्लाज्मा थैरेपी करने की भी कोशिश की, लेकिन उन्हें बचा नहीं सके। वह सदैव हमारी यादों में जीवित रहेंगे।’’
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डॉक्टर ने कहा कि मंगलवार को उनकी मृत्यु हो गई। उन्हें कोई अन्य बीमारी नहीं थी।
पटना के रहने वाले डॉ कुमार पश्चिम बंगाल में कोविड-19 से मरने वाले सबसे कम उम्र के डॉक्टर हैं।
राज्य में बीमारी से अब तक चार डॉक्टरों की मौत हो चुकी है।
उनके परिवार में पत्नी और दो साल का बेटा हैं। पश्चिम बंगाल डॉक्टर्स फोरम ने मुख्य सचिव राजीव सिन्हा ने को पत्र लिखकर मांग की है कि डॉ कुमार को कोरोना योद्धा घोषित किया जाए।
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