जर्मन पुलिस ने बंद कराई बच्चों के यौन शोषण से जुड़ी बड़ी वेबसाइट
जर्मन पुलिस ने यूरोपोल के साथ मिल कर बच्चों के यौन शोषण की वीडियो वाली एक वेबसाइट के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है.
जर्मन पुलिस ने यूरोपोल के साथ मिल कर बच्चों के यौन शोषण की वीडियो वाली एक वेबसाइट के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है. वेबसाइट का इस्तेमाल करने वाले करीब 1,400 लोगों की पहचान की गई और 79 लोगों को गिरफ्तार किया गया है."किडफ्लिक्स" नाम की इस वेबसाइट के खिलाफ 38 देशों के अधिकारियों के सहयोग से चलाए गए इस अभियान का नेतृत्व जर्मन पुलिस कर रही थी. इस मामले में हुई गिरफ्तारियों और वेबसाइट का इस्तेमाल करने वालों की पहचान के बारे में जानकारी यूरोपोल ने दी.
एजेंसी के मुताबिक "किडफ्लिक्स" को 2021 में शुरू किया गया था और "यह दुनिया के सबसे बड़े पीडोफाइल प्लेटफार्म में से एक" थी. इसका इस्तेमाल करीब 18 लाख लोग करते थे. बताया जा रहा है कि वेबसाइट कथित रूप से "डार्कनेट" पर थी और इस पर बच्चों के यौन शोषण के 91,000 से भी ज्यादा वीडियो थे. ये वीडियो कुल मिला कर 6,288 घंटे लंबे थे.
'अकल्पनीय रूप से भयावह' वीडियो
जर्मनी के बवेरिया की क्रिमिनल पुलिस के प्रमुख गीडो लिमेर ने एक प्रेस वार्ता में कहा कि यह अभियान, "अगर इतिहास में पहली बार नहीं तो कम से कम हाल के सालों में चाइल्ड पोर्नोग्राफी के खिलाफ सबसे बड़े झटकों में से एक" था.
उन्होंने आगे कहा कि वेबसाइट पर अपलोड की गई वीडियो में "हाई रेजोल्यूशन में बच्चों, शिशुओं और यहां तक कि नवजात बच्चों के शोषण के अकल्पनीय रूप से भयावह कृत्य" शामिल थे. यूरोपोल के मुताबिक बच्चों के यौन शोषण के वीडियो रखने वाली अन्य वेबसाइटों से अलग यह वेबसाइट इसे इस्तेमाल करने वालों को वीडियो स्ट्रीम करने और फाइलें डाउनलोड करने की सुविधा भी देती थी.
जर्मनी में बढ़ता बच्चों के खिलाफ यौन अपराध
लोग क्रिप्टोकरेंसी का इस्तेमाल कर या कुछ टास्क पूरा करने के एवज में कमाए टोकनों के जरिए इन वीडियो तक पहुंचते थे. इन टास्कों में वीडियो को वर्गीकृत करना और शोषण संबंधी सामग्री अपलोड करना शामिल थे.
मार्च में की गई इस कार्रवाई में 31 देशों में अलग अलग ठिकानों पर तलाशी ली गई. जांच 2022 में शुरू की गई और इस दौरान जांचकर्ताओं ने 3,000 से ज्यादा इलेक्ट्रॉनिक डिवाइसें जब्त कीं. मार्च में जर्मन और डच अधिकारियों की एक संयुक्त रेड में एक हार्ड ड्राइव पकड़ी गई जिसमें बच्चों के शोषण के करीब 72,000 वीडियो थे.
ऑपरेटर तक अभी भी नहीं पहुंची पुलिस
जर्मन अधिकारियों ने बताया कि उन्होंने यौन शोषण के संभावित पीड़ितों की भी पहचान करने की कोशिश की थी और बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए 96 मामलों में हस्तक्षेप भी किया था. 12 मामलों में जर्मन अधिकारी उस समय तक जारी बच्चों के यौन शोषण को रोकने में कामयाब रहे थे. जांच के दौरान कुल 39 बच्चों को बचाया गया.
लिमेर ने बताया कि एक मामले में 2024 में जर्मन पुलिस ने एक 36 साल के आदमी को गिरफ्तार किया जिसने "खेलों के लिए अपने बेटे की पेशकश की थी." जर्मनी के पूर्वी शहर केमनित्स में रहने वाले इस व्यक्ति की तब पहचान हुई जब उसने वेबसाइट पर शोषण की वीडियो ढूंढने की कोशिश की.
करोड़ों बच्चे ऑनलाइन यौन शोषण की चपेट में
उस बच्चे को बाल कल्याण एजेंसियों के पास भेज दिया गया. लिमेर ने यह भी बताया कि जांच अधिकारियों ने अमेरिका में भी एक "सीरियल" अब्यूजर की पहचान की. प्रेस वार्ता में सीनियर प्रॉसीक्यूटर थोमास गोगर ने बताया कि संदिग्ध व्यक्तियों में से ज्यादातर 20 से 40 साल के बीच की उम्र के थे. इनकी औसत उम्र 31 साल के आसपास थी.
सबसे ज्यादा उम्र का यूजर 70 साल से ऊपर का पाया गया, जबकि सबसे कम उम्र के यूजर का जन्म 2006 में हुआ था. गोगर ने बताया कि संदिग्ध लोगों में आम तौर पर ऐसे लोग थे जो "डार्कनेट पर लंबे समय से थे." उन्होंने आगे बताया कि जांच अभी खत्म नहीं हुई है क्योंकि साइट को चलाने वाले की अभी तक पहचान नहीं हुई है. उन्होंने कहा, "जर्मनी में और विदेश में हमारे पार्टनरों के साथ मिल कर हमने बहुत बड़ी मात्रा में डाटा हासिल किया है, जिसके मूल्यांकन की जरूरत है."
(The above story first appeared on LatestLY on Apr 04, 2025 01:50 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

