US Take It Down Act: क्या है Deepfake और Revenge Porn? अमेरिका ने इसके खिलाफ बनाया कानून; भारत को भी सीखने की जरूरत (Watch Video)
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What Is Revenge Porn? अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोमवार को एक ऐतिहासिक कानून पर दस्तखत किए, जिसका नाम है - Take It Down Act. इस कानून का मकसद है इंटरनेट पर बिना इजाजत किसी की अश्लील या निजी तस्वीरें और वीडियो अपलोड करने वालों पर सख्त कार्रवाई करना. इसमें खासकर Deepfake और Revenge Porn जैसे मामलों को लेकर फोकस किया गया है. इस मौके पर राष्ट्रपति ट्रंप के साथ उनकी पत्नी और अमेरिका की फर्स्ट लेडी मेलानिया ट्रंप भी मौजूद थीं. बताया जा रहा है कि इस कानून को पास कराने में मेलानिया की अहम भूमिका रही है.

उन्होंने मार्च में पहली बार सार्वजनिक रूप से सामने आकर इस बिल को लेकर सांसदों से बात की थी और इसका समर्थन मांगा था.

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क्या कहता है नया कानून?

Take It Down Act के तहत अब कोई भी व्यक्ति अगर जानबूझकर किसी की निजी और अंतरंग तस्वीर या वीडियो बिना इजाजत इंटरनेट पर डालता है, या ऐसा करने की धमकी देता है, तो यह अब फेडरल क्राइम माना जाएगा. इसमें AI से बनी Deepfake तस्वीरें और वीडियो भी शामिल हैं. इतना ही नहीं, सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म और वेबसाइट्स को भी अब जिम्मेदार ठहराया जाएगा.

कानून के मुताबिक, अगर कोई पीड़ित शिकायत करता है, तो संबंधित साइट को 48 घंटे के भीतर वो कंटेंट हटाना होगा. साथ ही, ऐसी सभी डुप्लिकेट कॉपियां भी मिटानी होंगी.

मेलानिया का इमोशनल पक्ष

इस कानून को लेकर मेलानिया ट्रंप ने दिल छू लेने वाला बयान दिया. उन्होंने कहा कि आज की पीढ़ी, खासकर लड़कियां, जब अपनी तस्वीरों को गलत तरीके से ऑनलाइन देखती हैं तो वह दुखद होता है. उन्होंने एक पीड़िता को भी राष्ट्रपति के संसद भाषण में आमंत्रित किया था, जिससे ये मुद्दा और प्रमुखता से उठाया जा सके.

मेलानिया ने इसे अपने ‘Be Best’ कैंपेन का हिस्सा बताया, जो बच्चों की भलाई, सोशल मीडिया के सही उपयोग और ड्रग्स से बचाव पर केंद्रित है.

आलोचना भी हुई

इस बिल को कांग्रेस द्वारा भी भारी समर्थन मिला और हाउस में यह 409-2 वोट से पास हुआ. इसके साथ ही सीनेट ने भी सर्वसम्मति से इसे मंजूरी दे दी. इसके बावजूद कुछ डिजिटल राइट्स संगठनों और फ्री स्पीच एक्टिविस्ट्स ने चिंता जताई. उनका कहना है कि यह कानून कहीं अति सेंसरशिप का रास्ता न खोल दे या वैध कंटेंट जैसे LGBTQ या पोर्न इंडस्ट्री पर असर न डाल दे.

राष्ट्रपति ट्रंप ने मजाकिया अंदाज में कहा कि अगर आप इजाजत दें तो मैं भी इस कानून का इस्तेमाल करूंगा. मुझसे ज्यादा कोई ऑनलाइन बुरा ट्रीट नहीं होता.

भारत को भी सीखने की जरूरत

जहां अमेरिका जैसे देश Deepfake और Revenge Porn जैसे मुद्दों पर इतनी गंभीरता से कानून बना रहे हैं, वहीं भारत में अभी भी इस पर कोई खास कानून नहीं है. भारत में ऐसे मामलों में आईटी एक्ट और आईपीसी के तहत सामान्य धाराओं में ही कार्रवाई की जाती है, जो काफी हद तक पुराने जमाने की कानूनी धारणाओं पर आधारित हैं.

हालांकि, भारत में भी Deepfake को लेकर लोगों की जागरूकता बढ़ रही है. कुछ फिल्में और वेब सीरीज, जैसे कि हाल ही में आई हिंदी फिल्म Loveyapa, ने भी इस विषय पर ध्यान खींचा है.