अमेरिका ने कनाडा पर लगाया 35 फीसदी टैरिफ
प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credit: Image File)

शुक्रवार, 11 जुलाई की सारी बड़ी खबरें, ब्रेकिंग न्यूज और लाइव अपडेट यहां उपलब्ध होंगी. यह पेज हम लगातार अपडेट कर रहे हैं, इसलिए बने रहें हमारे साथ.- अमेरिका ने कनाडा पर लगाया 35 फीसदी टैरिफ

- हरियाणा में पिता ने टेनिस प्लेयर बेटी की हत्या की

- यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष उर्सुला फॉन डेय लाएन के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव गिरा

पाकिस्तान में नौ बस यात्रियों की अपहरण के बाद हत्या

पाकिस्तान के बलूचिस्तान प्रांत में गुरुवार को बंदूकधारियों ने नौ बस यात्रियों का अपहरण किया और फिर उनकी हत्या कर दी. न्यूज एजेंसी रॉयटर्स के मुताबिक, प्रांतीय सरकार के प्रवक्ता शाहिद रिंद ने बताया कि गुरुवार शाम को कई बसों से यात्रियों का अपहरण किया गया था. एक अन्य अधिकारी नवीद आलम ने बताया कि उन यात्रियों के शव रात को पहाड़ों में मिले और उनके शवों पर गोलियों के घाव थे.

न्यूज एजेंसी डीपीए के मुताबिक, मारे गए सभी यात्री पंजाबी थे और हमलावरों ने उनकी पहचान की पुष्टि करने के बाद उनकी हत्या की. अभी तक किसी भी समूह ने इस हमले की जिम्मेदारी नहीं ली है, लेकिन इस संवेदनशील इलाके में बलोच उग्रवादी सुरक्षाबलों और अन्य प्रांतों के आम नागरिकों को निशाना बनाते रहे हैं.

डीपीए के मुताबिक, इस साल फरवरी में इसी इलाके में एक बंदूकधारी ने सात बस यात्रियों की हत्या कर दी थी. पिछले साल बसों पर हुए ऐसे ही एक हमले में पंजाब के कम से कम 23 यात्रियों की मौत हुई थी.

ट्रंप ने कनाडा से आने वाले सामान पर 35 फीसदी टैरिफ लगाने का ऐलान किया

अमेरिका के राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप ने गुरुवार को ऐलान किया कि 1 अगस्त से कनाडा से आने वाले सामान पर 35 फीसदी टैरिफ (आयात शुल्क) लगाया जाएगा. यह कदम अमेरिका की बढ़ती व्यापारिक सख्ती का हिस्सा है. ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर जारी एक पत्र में कहा कि अगर कनाडा ने पलटवार किया, तो यह शुल्क और भी बढ़ाया जा सकता है.

कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी को संबोधित इस पत्र में ट्रंप ने साफ किया कि यह फैसला अमेरिका ने एकतरफा तौर पर लिया है और भविष्य में इसमें और इजाफा किया जा सकता है. यह टैरिफ नीति ऐसे समय पर आई है जब अमेरिका ने हाल ही में जापान और दक्षिण कोरिया जैसे सहयोगी देशों पर भी शुल्क लगाए हैं और तांबे पर 50 फीसदी शुल्क का नया नियम लागू किया है.

एनबीसी न्यूज से बातचीत में ट्रंप ने संकेत दिए कि अमेरिका अपने बाकी व्यापारिक साझेदारों पर भी 15 से 20 फीसदी तक के टैरिफ लगाने की योजना बना रहा है. उन्होंने कहा, “हर किसी को पत्र देने की जरूरत नहीं है. हम बस अपने टैरिफ तय कर रहे हैं.” ट्रंप ने आगे कहा, “अब हम तय करेंगे कि बाकी देशों को 20 फीसदी टैरिफ देना है या 15 फीसदी. ये अब हम निपटाएंगे.”

ईयू अध्यक्ष के खिलाफ दक्षिणपंथी सांसदों द्वारा लाया गया अविश्वास प्रस्ताव गिरा

यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष उर्सुला फॉन डेय लाएन के खिलाफ गुरुवार को यूरोपीय संसद में लाया गया अविश्वास प्रस्ताव पास नहीं हो पाया. यह प्रस्ताव मुख्य रूप से दक्षिणपंथी सांसदों द्वारा लाया गया था, जिन्होंने उन पर और उनकी टीम पर गैरकानूनी फैसलों के जरिए यूरोपीय संघ में जनता का विश्वास कमजोर करने का आरोप लगाया था. लेकिन जैसी कि संभावना थी, यह प्रस्ताव संसद में दो-तिहाई बहुमत नहीं जुटा सका. सिर्फ 175 सांसदों ने इसके पक्ष में वोट दिया, जबकि 360 ने विरोध किया और 18 ने मतदान में हिस्सा नहीं लिया.

प्रस्ताव के मुख्य समर्थक, रोमानिया के राष्ट्रवादी सांसद ग्योर्गे पिपेरेआ ने कोविड महामारी के दौरान फॉन डेय लाएन और फाइजर कंपनी के प्रमुख के बीच हुए कथित टैक्स्ट मैसेजों को सार्वजनिक ना करने पर भी सवाल उठाए. उन्होंने सोमवार को संसद में कहा, “यूरोपीय संघ का निर्णय लेने का तरीका अपारदर्शी और मनमाना हो गया है, जिससे भ्रष्टाचार और दुरुपयोग की आशंका बढ़ती है. जलवायु परिवर्तन जैसे मुद्दों पर अत्यधिक नौकरशाही का बोझ बहुत महंगा साबित हो रहा है.”

फॉन डेय लाएन ने संसद में बहस के दौरान अपनी नीतियों का बचाव किया और कहा कि महामारी के दौरान उनके नेतृत्व में पूरे यूरोप में टीकों की समान पहुंच सुनिश्चित की गई. यह प्रस्ताव हालांकि पास होने की संभावना नहीं रखता था, लेकिन अमेरिका के राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप के साथ व्यापार वार्ताओं के बीच आया यह राजनीतिक संकट उनके लिए असहज स्थिति लेकर आया.

गौरतलब है कि 2014 के बाद यह पहली बार था जब किसी ईयू अध्यक्ष के खिलाफ ऐसा प्रस्ताव लाया गया था. उस समय भी तत्कालीन अध्यक्ष ज्याँ-क्लाउद युंकर ने ऐसी ही चुनौती का सामना किया था और पार पा गए थे.