Nobel Peace Prize 2020: नॉर्वे कमेटी ने वर्ल्ड फ़ूड प्रोग्राम को भूखमरी मिटाने के लिए नोबेल शांति पुरस्कार से सम्मानित
नॉर्वेजियन नोबेल कमेटी (Norwegian Nobel Committee) ने शुक्रवार को विश्व खाद्य कार्यक्रम (World Food Programme) जो एक संयुक्त राष्ट्र की एजेंसी (United Nations) है, उसे जरुरतमंदों को खाना खिलाने, संघर्ष प्रभावित क्षेत्रों में शांति बनाए रखने में योगदान के लिए नोबेल शांति पुरस्कार से सम्मानित किया.
नॉर्वेजियन नोबेल कमेटी (Norwegian Nobel Committee) ने शुक्रवार को विश्व खाद्य कार्यक्रम (World Food Programme) जो एक संयुक्त राष्ट्र की एजेंसी (United Nations) है, उसे जरुरतमंदों को खाना खिलाने, संघर्ष प्रभावित क्षेत्रों में शांति बनाए रखने में योगदान के लिए नोबेल शांति पुरस्कार से सम्मानित किया. समिति ने बयान में कहा कि विश्व खाद्य कार्यक्रम दुनिया का सबसे बड़ा मानवीय संगठन है जो भूख मिटाने और खाद्य सुरक्षा को बढ़ावा देने पर केंद्रित है. बयान में कहा गया कि साल "2019 में डब्ल्यूएफपी ने 88 देशों में करीब 100 मिलियन लोगों को सहायता प्रदान की, जो तीव्र खाद्य असुरक्षा और भूख के शिकार थे." यह भी पढ़ें: Nobel Prize in Physics 2020 Winners: Roger Penrose, Reinhard Genzel और Andrea Ghez को ब्लैक होल पर खोज के लिए मिला फिजिक्स में नोबल प्राइज
साल 2015 से संयुक्तस राष्ट्र ने भुखमरी मिटाने के लिए ये प्रयास शुरू किया. इस साल कोविड -19 महामारी की वजह से दुनिया में भुखमरी के शिकार लोगों की संख्या में भारी वृद्धि में योगदान दिया है. इस दौरान विश्व खाद्य कार्यक्रम ने अपने प्रयासों को तेज करने की एक प्रभावशाली क्षमता का प्रदर्शन किया है. इस संगठन में 318 उम्मीदवार हैं - 211 व्यक्ति और 107 संगठन. साल 2020 के नोबेल शांति पुरस्कार के इतिहास में चौथा सबसे बड़ा नंबर है.
देखें ट्वीट:
BREAKING NEWS:
The Norwegian Nobel Committee has decided to award the 2020 Nobel Peace Prize to the World Food Programme (WFP).#NobelPrize #NobelPeacePrize pic.twitter.com/fjnKfXjE3E
— The Nobel Prize (@NobelPrize) October 9, 2020
नोबेल पुरस्कार स्वीडन के वैज्ञानिक अल्फ्रेड नोबेल के नाम पर दिया जाता है. इन्होने रसायन विज्ञान में महत्वपूर्ण योगदान दिया है. हर साल भौतिकी (Physics), रसायन (Chemicals), (3) शरीर-क्रिया-विज्ञान वा चिकित्सा (Physiology), आदर्शवादी साहित्य (Idealistic literature) और विश्वशांति (world peace) के क्षेत्रों में सर्वोत्तम कार्य करनेवालों को पुरस्कार दिया जाता है. सन् 1901 से नोबेल पुरस्कार का देना आरंभ हुआ.
(The above story first appeared on LatestLY on Oct 09, 2020 04:12 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

