त्योहार

Shaheed Diwas 2025 Quotes: शहीद दिवस के इन हिंदी Messages, Slogans, WhatsApp Stickers, GIF Images के जरिए भगत सिंह, सुखदेव और राजगुरु को करें शत-शत नमन

बहुत ही कम उम्र में भगत सिंह, राजगुरु और सुखदेव ने मातृभूमि के लिए अपने प्राणों का बलिदान कर दिया था. भारत माता के ये तीनों वीर सपूत आज भी देश की युवा पीढ़ी के लिए प्रेरणा स्रोत हैं, इसलिए 23 मार्च को शहीद दिवस पर इन वीरों के बलिदान को याद किया जाता है. ऐसे में आप इन हिंदी कोट्स, मैसेजेस, स्लोगन, वॉट्सऐप स्टिकर्स, जीआईएफ इमेजेस के जरिए वीर शहीदों को शत-शत नमन कर सकते हैं.

Shaheed Diwas 2025 Quotes: शहीद दिवस के इन हिंदी Messages, Slogans, WhatsApp Stickers, GIF Images के जरिए भगत सिंह, सुखदेव और राजगुरु को करें शत-शत नमन
शहीद दिवस 2025 (Photo Credits: File Image)

Shaheed Diwas 2025 Quotes in Hindi: राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की पुण्यतिथि के तौर पर 30 जनवरी को शहीद दिवस मनाए जाने के बाद हर साल 23 मार्च को भी शहीद दिवस मनाया जाता है. 23 मार्च को मनाए जाने वाले शहीद दिवस को शहीद भगत सिंह (Bhagat Singh), सुखदेव थापर (Sukhdev Thapar) और शिवराम राजगुरु (Shivram Rajguru) की पुण्यतिथि के तौर पर मनाया जाता है. इसी तारीख को लाहौर जेल में ब्रिटिश शासकों ने तीनों क्रांतिकारियों को फांसी दी थी. दरअसल, जिस समय इन्हें फांसी दी गई थी उस समय भगत सिंह और सुखदेव 23 वर्ष के थे, जबकि राजगुरु केवल 22 वर्ष के थे. बता दें कि 28 सितंबर 1907 को पंजाब के लायलपुर में जन्में भगत सिंह ने अपने साथियों राजगुरु, सुखदेव के साथ मिलकर लाला लाजपत राय की हत्या के लिए लड़ाई लड़ी. उन्होंने और उनके साथियों ने 8 अप्रैल 1929 को इंकलाब जिंदाबाद का नारा लगाते हुए सेंट्रल लेजिस्लेटिव असेंबली पर बम फेंके, जिसके लिए उन पर हत्या का मामला चलाया गया, फिर 23 मार्च 1931 को लाहौर जेल में भगत सिंह, राजगुरु और सुखदेव को फांसी दे दी गई.

बहुत ही कम उम्र में भगत सिंह, राजगुरु और सुखदेव ने मातृभूमि के लिए अपने प्राणों का बलिदान कर दिया था. भारत माता के ये तीनों वीर सपूत आज भी देश की युवा पीढ़ी के लिए प्रेरणा स्रोत हैं, इसलिए 23 मार्च को शहीद दिवस पर इन वीरों के बलिदान को याद किया जाता है. ऐसे में आप इन हिंदी कोट्स, मैसेजेस, स्लोगन, वॉट्सऐप स्टिकर्स, जीआईएफ इमेजेस के जरिए वीर शहीदों को शत-शत नमन कर सकते हैं.

1- हाथ जोड़कर नमन जो करते,
मत समझो कि हम कमजोर हैं,
उठाओ कथाएं देखो इतिहास,
छाए हुए हम हर ओर हैं...
वीर शहीदों को शत-शत नमन

शहीद दिवस 2025 (Photo Credits: File Image)

2- आओ झुक कर सलाम करें उनको,
जिनके हिस्से में ये मुकाम आता है,
खुशनसीब होता है वो खून,
जो देश के काम आता है.
वीर शहीदों को शत-शत नमन

शहीद दिवस 2025 (Photo Credits: File Image)

3- जब तुम शहीद हुए थे,
ना जाने कैसे तुम्हारी मां सोई होगी,
एक बात तो तय है कि,
तुम्हें लगने वाली गोली भी सौ बार रोई होगी.
वीर शहीदों को शत-शत नमन

शहीद दिवस 2025 (Photo Credits: File Image)

4- इतनी सी बात हवाओं को बताए रखना,
रोशनी होगी चिरागों को जलाए रखना,
लहू देकर की है जिसकी हिफाजत हमने,
ऐसे तिरंगे को हमेशा अपने दिल में बसाए रखना.
वीर शहीदों को शत-शत नमन

शहीद दिवस 2025 (Photo Credits: File Image)

5- अपनी आजादी को हम,
हरगिज भुला नहीं सकते
सर कटा सकते है लेकिन,
सर झुका सकते नहीं...
वीर शहीदों को शत-शत नमन

शहीद दिवस 2025 (Photo Credits: File Image)

इसमें कोई दो राय नहीं है कि देश को अंग्रेजों की गुलामी से आजादी दिलाने के लिए कई वीर सपूतों ने अपना सर्वस्व न्योछावर कर दिया था. मातृभूमि के लिए अपना बलिदान देने वाले वीर सपूतों में भगत सिंह, सुखदेव थापर और शिवराम राजगुरु का नाम भी शामिल है. बहुत कम उम्र में मातृभूमि के लिए शहीद होने वाले वीर सपूतों भगत सिंह, सुखदेव थापर और शिवराम राजगुरु की पुण्यतिथि को सम्मानित करने के लिए हर साल 23 मार्च को शहीद दिवस मनाया जाता है.

(The above story first appeared on LatestLY on Mar 23, 2025 06:00 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).