Shab-e-Qadr Mubarak 2025 Wishes: शब-ए-कद्र के इन हिंदी Quotes, WhatsApp Messages, Facebook Greetings को भेजकर दें सबको मुबारकबाद
शब-ए-कद्र 2025 (Photo Credits: File Image)

Shab-e-Qadr Mubarak 2025 Wishes in Hindi: शब-ए-कद्र (Shab-e-Qadr) को लैलात अल-कद्र (Laylatul Qadr) के नाम से भी जाना जाता है. इसे उस दिन की याद में मनाया जाता है, जब कुरआन की आयतें पहली बार पैगंबर मोहम्मद पर उतरी थीं, इसे इस्लामी आस्था की सबसे पवित्र रातों में से एक माना जाता है. इस दिन को मनाने के लिए मुसलमान पूरी रात कुरआन की आयतें पढ़ते हैं. रमजान के पाक महीने की इस रात को इबादत के लिए हजारों रातों से बेहतर माना जाता है. ऐसी मान्यता है कि शब-ए-कद्र की रात की गई इबादत कुबूल होती है, इस रात अल्लाह अपने बंदों के सारे गुनाह माफ करते हुए उन पर रहमतों की बरसात करते हैं. शब-ए-कद्र यानी लैलतुल-कद्र की रात इस्लाम धर्म की सबसे पवित्र रातों में से एक है, लेकिन इसकी कोई निश्चित तारीख नहीं है. इस्लामिक कैलेंडर के अनुसार, रमजान महीने के आखिरी दस दिनों की विषम संख्या वाली रातों 21वीं, 23वीं, 25वीं, 27वीं और 29वीं रातों में से एक शब-ए-कद्र की रात होती है. शब-ए-कद्र की रात इस साल 27 मार्च 2025 को पड़ने की उम्मीद है.

इस्लामिक मान्यताओं के अनुसार, शब-ए-कद्र की रात अल्लाह अपने बंदों के लिए रहमतों के दरवाजे खोल देते हैं और रोजेदारों की हर दुआ कुबूल करते हुए उनके गुनाहों को माफ करते हैं, इसलिए मुसलमान रमजान महीने के आखिरी दस दिनों की विषम संख्या वाली रातों में रातभर अल्लाह की इबादत करते हैं. ऐसे में शब-ए-कद्र के इन शानदार हिंदी विशेज, कोट्स, वॉट्सऐप मैसेजेस, फेसबुक ग्रीटिंग्स को भेजकर सबको मुबारकबाद दे सकते हैं.

1- ‘अल-क़द्र की रात हज़ार महीनों से बेहतर है.’  इस पवित्र रात में, अल्लाह आप और आपके प्रियजनों पर क्षमा की वर्षा करें.’

शब-ए-कद्र 2025 (Photo Credits: File Image)

2-  ‘शब-ए-कद्र नई शुरुआत और आध्यात्मिक नवीनीकरण का समय है’.

शब-ए-कद्र 2025 (Photo Credits: File Image)

3- ‘हमारे दिल कृतज्ञता से भरे हों, हमारी प्रार्थना सच्ची हों, और इस पवित्र रात में हमारे इरादे शुद्ध हों.’

शब-ए-कद्र 2025 (Photo Credits: File Image)

4- ‘इस पवित्र रात में क्षमा मांगें और पिछली शिकायतों को भूल जाएं.’

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5- ‘अल्लाह आपको शांति से भरा दिल, चिंताओं से मुक्त दिमाग और अपनी दया से भरा जीवन प्रदान करे’.

शब-ए-कद्र 2025 (Photo Credits: File Image)

6- ‘इस पवित्र रात में, अल्लाह आपके कदमों का मार्गदर्शन करे और आपको हमेशा की खुशी प्रदान करे’.

शब-ए-कद्र 2025 (Photo Credits: File Image)

7- ‘इस शब-ए-क़द्र में, अल्लाह आपको आशीर्वाद और समृद्धि प्रदान करे और आपके लिए सफलता के सभी अवसर पैदा करे!’

शब-ए-कद्र 2025 (Photo Credits: File Image)

8- ‘अल्लाह हमारी प्रार्थनाओं को स्वीकार करे और इस धन्य रात में हमें अपनी क्षमा प्रदान करे’.

शब-ए-कद्र 2025 (Photo Credits: File Image)

9- ‘यह पवित्र रात्रि आपके जीवन में शांति, सुख और खुशियाँ लेकर आए.’

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10- अल्लाह से दुआ करें कि आज की यह रात समुदाय के सभी लोगों के साथ-साथ उन लोगों के लिए भी अच्छाई लाए, जिन्हें हम बहुत प्यार करते हैं.

शब-ए-कद्र 2025 (Photo Credits: File Image)

11- इस खास रात में, अल्लाह हमारे इरादों को शुद्ध करें और हमें स्वीकार करें. वह हमें नरक की आग से मुक्त होने वालों की अपनी किताब में शामिल करें.

शब-ए-कद्र 2025 (Photo Credits: File Image)

12- यह ऐसी रात है जो हज़ार रातों से बेहतर है. यह वह समय है जब हम पलायन कर गए थे. यह वह रात है जब अल्लाह ने हमें शैतान के पंजे से बचाया और स्वर्ग योग्य स्वागत के लिए शुद्ध किया.

शब-ए-कद्र 2025 (Photo Credits: File Image)

13- आज ऊर्जा भरी रात है, जब अल्लाह हमारे साथ भोजन करेगा. मेरी इच्छा है कि वह आपके लिए वहां रहे. मैं कामना करता हूं कि अल्लाह आपके परिवार की रक्षा करे और सभी को वह सब दे, जो उनके पास लंबे समय से है.

शब-ए-कद्र 2025 (Photo Credits: File Image)

14- शब-ए-कद्र हमारे दिलों की समीक्षा करने और अपने सभी पापों का पश्चाताप करने का एक अच्छा समय है. अल्लाह हमारी बात सुनने और हमें क्षमा प्रदान करने के लिए मौजूद है.

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ऐसी मान्यता है कि शब-ए-कद्र की रात को ही पवित्र कुरआन शरीफ नाजिल हुआ था. इस रात अल्लाह की इबादत करने वालों के अल्लाह सारे गुनाह माफ करते हुए उनकी जायज तमन्नाओं को पूरी करते हैं. वैसे तो परंपरागत रूप से दुनियाभर के मुसलमान रमजान महीने की 27वीं रात को शब-ए-कद्र के तौर पर मनाते हैं और इसे काफी महत्वपूर्ण माना जाता है.

कहा जाता है कि अल्लाह ने खुद बताया था कि शब-ए-कद्र रमजान के आखिरी अशरे यानि दस दिन की ताक (विषम संख्या) रातों में से एक है. यही वजह है कि शब-ए-कद्र की रात मुस्लिम समुदाय के लोग रात भर अल्लाह की इबादत करते हैं, जिसमें निफिल नमाजें अदा करना, तसबीह पढ़ना और कुरआन पढ़ना इत्यादि शामिल है.