Eid Milad Un Nabi Mubarak Messages: ईद-मिलाद-उन-नबी पर ये HD Wallpapers और WhatsApp Wishes भेजकर दें मुबारकबाद
ईद मिलाद-उन-नबी (Eid Milad Un Nabi), मुसलमानों द्वारा मनाया जाने वाला एक महत्वपूर्ण त्यौहार है. यह पैगंबर हज़रत मुहम्मद साहब के जन्मदिवस के रूप में रबी अल-अव्वल, जो इस्लामी चंद्र कैलेंडर के तीसरे महीने में मनाया जाता है. मुख्य रूप से सूफी और बरेलवी समुदाय इस त्योहार को श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाते हैं...
Eid Milad Un Nabi Mubarak Messages: ईद मिलाद-उन-नबी (Eid Milad Un Nabi), मुसलमानों द्वारा मनाया जाने वाला एक महत्वपूर्ण त्यौहार है. यह पैगंबर हज़रत मुहम्मद साहब के जन्मदिवस के रूप में रबी अल-अव्वल, जो इस्लामी चंद्र कैलेंडर के तीसरे महीने में मनाया जाता है. मुख्य रूप से सूफी और बरेलवी समुदाय इस त्योहार को श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाते हैं. इसे मिलाद-उन-नबी (Milad Un Nabi) भी कहा जाता है. साल 2025 में, ईद मिलाद-उन-नबी, रबी अल-अव्वल की 12 तारीख, यानी 1447 हिजरी के अनुसार, 4 या 5 सितंबर को पड़ने की संभावना है। इसकी सटीक तिथि चांद के दिखाई देने पर निर्भर करती है. यह भी पढ़ें: Naat and Qawwali on Eid-Milad-un-Nabi 2025: ईद मिलाद-उन-नबी में नात और कव्वालियां क्यों गाई जाती हैं? जाने इसका महत्व एवं नात एवं कव्वाली में फर्क?
पैगंबर मुहम्मद के जन्मदिन को ईद मिलाद-उन-नबी या मौलिद कहा जाता है. प्रारंभिक इस्लामी काल से चला आ रहा है. इस दिन को सबसे पहले फ़ातिमी शासकों ने औपचारिक रूप से मनाना शुरू किया था. कई मुसलमानों का विश्वास है कि पैगंबर मुहम्मद का जन्म मक्का में 570 ईस्वी में, इस्लामी कैलेंडर के अनुसार रबी अल-अव्वल महीने की 12वीं तारीख को हुआ था. "मौलिद" शब्द का अरबी में मतलब जन्म होता है. कुछ मुस्लिम समुदाय इस दिन को शोक के रूप में भी मनाते हैं, क्योंकि इसे पैगंबर की मृत्यु का दिन भी माना जाता है. भारत में इस दिन को बहुत ही धूम धाम से मनाया जाता है. सुबह उठकर लोग नमाज पढ़ते हैं और अल्लाह की इबादत करते हैं. इस मुबारक मौके पर आप इन हिंदी मैसेजेस, वॉट्सऐप स्टेटस, जीआईएफ ग्रीटिंग्स, फोटो एसएमएस, कोट्स को शेयर कर प्रियजनों से ईद-मिलाद-उन-नबी मुबारक कह सकते हैं.
1. हर दिल में हो पैगंबर की याद,
हर जिंदगी में हो उनकी रहमत की बरसात
ईद-ए-मिलाद-उन-नबी मुबारक

2. तमन्ना आपकी सब पूरी हो जाए,
हो आपका मुकद्दर इतना रोशन कि,
आमीन कहने से पहले ही आपकी हर दुआ कबूल हो जाए.
ईद-ए-मिलाद-उन नबी मुबारक

3. नबी की मोहब्बत में डूबकर हम तो खुदा से मिलते हैं,
ईद-ए-मिलाद के मौके पर हम दिल से दुआ करते हैं.
ईद-ए-मिलाद-उन नबी मुबारक

4. जश्न-ए-मिलाद-उन-नबी पर सभी को मुबारकबाद,
पैगंबर की रहमत से हो खुशियों की बरसात!

पहला मौलिद उत्सव मिस्र में मनाया गया था. 11वीं शताब्दी में इस दिन को मनाने का चलन लोकप्रिय हुआ था. शुरुआत में यह उत्सव केवल शिया शासकों और उनके समुदायों तक सीमित था, लेकिन 12वीं शताब्दी के आते-आते यह सीरिया, मोरक्को, तुर्की और स्पेन जैसे क्षेत्रों में भी फैल गया. धीरे-धीरे, कुछ सुन्नी मुस्लिम संप्रदाय भी इस त्यौहार को मनाने लगे.
(The above story first appeared on LatestLY on Sep 05, 2025 05:00 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

