UP Pooja Pal News: पार्टी से निष्कासन पर भड़कीं विधायक पूजा पाल, समाजवादी पार्टी और अखिलेश यादव पर साधा निशाना; VIDEO
उत्तर प्रदेश में समाजवादी पार्टी (सपा) ने अपनी विधायक पूजा पाल को पार्टी विरोधी गतिविधियों और अनुशासनहीनता के चलते पार्टी से निष्कासित कर दिया है. सपा प्रमुख अखिलेश यादव के निर्देश पर यह कार्रवाई की गई. पार्टी से निकाले जाने के बाद पूजा पाल ने समाजवादी पार्टी और अखिलेश यादव पर गंभीर आरोप लगाए और निशाना साधा हैं.
UP Pooja Pal News: उत्तर प्रदेश में समाजवादी पार्टी (सपा) ने अपनी विधायक पूजा पाल को पार्टी विरोधी गतिविधियों और अनुशासनहीनता के चलते पार्टी से निष्कासित कर दिया है. सपा प्रमुख अखिलेश यादव के निर्देश पर यह कार्रवाई की गई. पार्टी से निकाले जाने के बाद पूजा पाल ने समाजवादी पार्टी और अखिलेश यादव पर गंभीर आरोप लगाए और निशाना साधा हैं. यह भी पढ़े: VIDEO: CM योगी की तारीफ करना पड़ा भारी, अखिलेश यादव ने सपा विधायक पूजा पाल को पार्टी से निकाला
पूजा पाल ने सपा और अखिलेश पर साधा निशाना
पूजा पाल ने अपने बयान में कहा: "मैं पहले एक पीड़ित महिला हूं, एक पत्नी हूं. हम उस दर्दनाक घटना को सहन नहीं कर सके जो हमारे साथ हुई। वे PDA (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) की बात करते हैं — मैं भी पिछड़ी जाति से हूं. मेरा पति दिनदहाड़े मारा गया, मैं नवविवाहिता थी और घर में कोई सहारा नहीं था. पूजा पाल ने कहा कि सपा ने यह साबित कर दिया है कि वह PDA के खिलाफ खड़ी है. उन्होंने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की भी तारीफ करते हुए कहा "मैं महिलाओं की आवाज़ हूं. मुझे जनता ने विधायक बनाकर विधानसभा भेजा है. मैं उन माताओं-बहनों की आवाज़ हूं, जिन्होंने अपने अपनों को खोया है. मैं लोगों के लिए लड़ती रहूंगी.
पूजा पाल की प्रतिक्रिया
#WATCH | Expelled SP MLA Pooja Pal says, "...Perhaps you could not hear the women in Prayagraj who were even more worried than me. But I am their voice, I have been elected as an MLA and sent to the Assembly. I am the voice of mothers and sisters who have lost their loved ones.… https://t.co/cnE7hzb0Pe pic.twitter.com/8MaF0iWtZR
— ANI (@ANI) August 14, 2025
पार्टी की प्रतिक्रिय
पार्टी सूत्रों के अनुसार, पूजा पाल की गतिविधियाँ सपा की विचारधारा और नीतियों के खिलाफ पाई गईं, जिसके चलते पार्टी ने यह सख्त कदम उठाया। समाजवादी पार्टी का कहना है कि अनुशासन और एकता बनाए रखना प्राथमिकता है, और जो भी इसके विपरीत कार्य करेगा, उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी. एकता बनाए रखना उसके लिए सर्वोपरि है, और जो भी इसके खिलाफ जाएगा, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी.
पूजा पाल को भेजे गए निलंबन पत्र में स्पष्ट रूप से उनके खिलाफ उठाए गए आरोपों का उल्लेख किया गया है, जिसमें पार्टी के अंदरूनी मामलों में हस्तक्षेप और सार्वजनिक मंचों पर पार्टी के विरुद्ध बयान शामिल हैं.
(The above story first appeared on LatestLY on Aug 14, 2025 03:49 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

