Haridwar Mansa Devi Temple Stampede: हरिद्वार के मनसा देवी मंदिर में भगदड़, 6 लोगों की मौत, करंट की अफवाह को प्रशासन ने नकारा
हरिद्वार के प्रसिद्ध मनसा देवी मंदिर में रविवार सुबह भारी भीड़ के कारण हुई भगदड़ में 6 श्रद्धालुओं की दुखद मौत हो गई और 20 से अधिक घायल हो गए. प्रशासन ने बिजली करंट की अफवाहों का खंडन करते हुए कहा कि हादसा केवल अनियंत्रित भीड़ के कारण हुआ. इस घटना के बाद, प्रशासन ने राहत कार्य शुरू कर दिया है और भविष्य में ऐसी घटनाओं की रोकथाम के लिए जांच के आदेश दिए हैं.
हरिद्वार, 27 जुलाई 2025: उत्तराखंड के पवित्र शहर हरिद्वार (Haridwar) में स्थित मशहूर मनसा देवी मंदिर (Mansa Devi Temple) में रविवार सुबह एक दुखद हादसा हो गया. मंदिर में भारी भीड़ के कारण भगदड़ (Stampede) मच गई, जिसमें 6 लोगों की मौत हो गई और कई अन्य घायल हो गए. यह हादसा सुबह करीब 9:30 बजे मंदिर के सीढ़ी वाले रास्ते पर हुआ, जहां श्रद्धालुओं की भारी भीड़ जमा थी.
कैसे हुआ हादसा?
खबरों के मुताबिक, रविवार सुबह मनसा देवी मंदिर में दर्शन के लिए भक्तों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी थी. मंदिर शिवालिक पहाड़ियों के बिल्वा पर्वत पर स्थित है, और यहां पहुंचने के लिए श्रद्धालु सीढ़ियों या रोप-वे का इस्तेमाल करते हैं. सुबह के समय सीढ़ी मार्ग पर भीड़ इतनी ज्यादा बढ़ गई कि अचानक अफरा-तफरी मच गई. इस भगदड़ में 6 लोगों की जान चली गई, जबकि 20 से ज्यादा लोग घायल बताए जा रहे हैं. घायलों को तुरंत नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया, और राहत व बचाव कार्य तेजी से शुरू कर दिए गए. गढ़वाल मंडल आयुक्त विनय शंकर पांडे ने बताया, "मनसा देवी मंदिर में भारी भीड़ की वजह से भगदड़ मची, जिसमें 6 लोगों की मौत हुई है. मैं घटनास्थल के लिए रवाना हो रहा हूँ, और हादसे की पूरी जानकारी जल्द सामने आएगी."
करंट की अफवाह पर प्रशासन का स्पष्टीकरण
हादसे के बाद कुछ लोगों ने सोशल मीडिया और अन्य जगहों पर दावा किया कि भगदड़ का कारण बिजली का करंट था. लेकिन प्रशासन ने इन दावों को सिरे से खारिज कर दिया है. कोतवाली प्रभारी रितेश शाह ने साफ किया कि भगदड़ की वजह सिर्फ भीड़ का अनियंत्रित होना था, न कि कोई बिजली का करंट. उन्होंने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की है.
मनसा देवी मंदिर की भगदड़ पर हरिद्वार के SSP ने कहा -
'कुल 35 लोग हॉस्पिटल लाए गए। इसमें 6 लोगों की अभी तक मौत हो गई है। मंदिर के सीढ़ी मार्ग पर तार टूटने की अफवाह फैली, इससे भगदड़ मची है। प्रथम दृष्टया यही लगता है' https://t.co/kTPqtDsRgq pic.twitter.com/pidWxsxOWG
— Sachin Gupta (@SachinGuptaUP) July 27, 2025
मंदिर का महत्व और भीड़ का कारण
मनसा देवी मंदिर हरिद्वार के सबसे पवित्र तीर्थ स्थलों में से एक है. यह मंदिर माँ मनसा देवी को समर्पित है, जिन्हें भगवान शिव की मानस पुत्री और नागराज वासुकी की बहन माना जाता है. मान्यता है कि यहाँ दर्शन करने से भक्तों की सारी मनोकामनाएँ पूरी होती हैं. मंदिर में एक खास वृक्ष भी है, जिसमें श्रद्धालु धागा बांधकर अपनी मन्नत मांगते हैं. खासतौर पर नवरात्रि और अन्य धार्मिक अवसरों पर यहाँ भक्तों की भारी भीड़ उमड़ती है.
हरिद्वार स्थित मनसा देवी मंदिर मार्ग में भगदड़ मचने का अत्यंत दुःखद समाचार प्राप्त हुआ है। @uksdrf, स्थानीय पुलिस तथा अन्य बचाव दल मौके पर पहुंचकर राहत एवं बचाव कार्यों में जुटे हुए हैं।
इस संबंध में निरंतर स्थानीय प्रशासन के संपर्क में हूं और स्थिति पर लगातार निगरानी रखी जा रही…
— Pushkar Singh Dhami (@pushkardhami) July 27, 2025
प्रशासन की कार्रवाई
हादसे की खबर मिलते ही स्थानीय पुलिस और प्रशासन की टीमें तुरंत मौके पर पहुंच गईं. राहत और बचाव कार्य शुरू कर दिए गए, और घायलों को अस्पताल पहुंचाया गया. प्रशासन ने मंदिर में भीड़ को नियंत्रित करने के लिए अतिरिक्त सुरक्षा इंतजाम किए हैं. साथ ही, इस हादसे की जांच के लिए विस्तृत रिपोर्ट तैयार की जा रही है ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके.
लोगों में शोक की लहर
इस हादसे ने हरिद्वार और आसपास के इलाकों में शोक की लहर दौड़ा दी है. सोशल मीडिया पर लोग मृतकों के प्रति संवेदना व्यक्त कर रहे हैं और घायलों के जल्द स्वस्थ होने की कामना कर रहे हैं. कुछ लोग प्रशासन से मंदिरों में बेहतर भीड़ प्रबंधन और सुरक्षा व्यवस्था की मांग भी कर रहे हैं.
क्या है आगे की चुनौती?
मनसा देवी मंदिर में हर साल लाखों श्रद्धालु दर्शन के लिए आते हैं. ऐसे में, भीड़ प्रबंधन एक बड़ी चुनौती है. पहले भी मंदिर के आसपास के पहाड़ों में दरारें और लैंडस्लाइड की खबरें सामने आ चुकी हैं, जिसके चलते सुरक्षा को लेकर सवाल उठते रहे हैं. इस हादसे के बाद प्रशासन पर मंदिर में सुरक्षा और भीड़ नियंत्रण के लिए और सख्त कदम उठाने का दबाव बढ़ गया है.
हरिद्वार का मनसा देवी मंदिर आस्था का बड़ा केंद्र है, लेकिन इस तरह के हादसे सभी के लिए एक सबक हैं. भक्तों की सुरक्षा के लिए बेहतर इंतजाम और भीड़ प्रबंधन जरूरी है. प्रशासन ने इस मामले में त्वरित कार्रवाई शुरू कर दी है, लेकिन भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए और सतर्कता बरतने की जरूरत है.हम मृतकों की आत्मा की शांति और घायलों के जल्द स्वस्थ होने की प्रार्थना करते हैं.
(The above story first appeared on LatestLY on Jul 27, 2025 10:50 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

