TCS Nashik Case: महिला कर्मचारी ने सहकर्मी पर लगाए सनसनीखेज आरोप, कहा- शारीरिक छेड़छाड़ और अश्लील टिप्पणियों के साथ जांघ पर हाथ रखने का करता था प्रयास
नासिक में टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) की एक महिला कर्मचारी ने अपने सहकर्मियों पर यौन उत्पीड़न, अश्लील टिप्पणियों और धर्म परिवर्तन के लिए दबाव डालने के गंभीर आरोप लगाए हैं. पुलिस ने इस मामले में SIT का गठन कर 8 लोगों को गिरफ्तार किया है.
TCS Nashik Case: महाराष्ट्र के नासिक स्थित टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) कार्यालय से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है. यहां एक नवविवाहित महिला कर्मचारी ने अपने ही सहकर्मियों पर यौन उत्पीड़न, अश्लील व्यवहार और धर्म परिवर्तन के लिए दबाव डालने के आरोप लगाए हैं. इस मामले की गंभीरता को देखते हुए नासिक पुलिस की विशेष जांच टीम (SIT) ने अब तक एक महिला ऑपरेशंस मैनेजर सहित आठ लोगों को गिरफ्तार किया है.
जून 2025 से शुरू हुआ उत्पीड़न का सिलसिला
पीड़ित महिला, जिसने जून 2025 में एक एसोसिएट के रूप में कंपनी ज्वाइन की थी, ने पुलिस को बताया कि उसके साथ दुर्व्यवहार की शुरुआत ट्रेनिंग के दौरान ही हो गई थी. शिकायत के अनुसार, टीम लीड रजा मेनन उसे लगातार निजी सवाल पूछकर परेशान करता था. महिला ने आरोप लगाया कि रजा अक्सर उससे उसके पति की अनुपस्थिति और हनीमून से जुड़े अश्लील सवाल पूछता था. यह भी पढ़े; TCS Nashik Case: टीसीएस नासिक धर्मांतरण और उत्पीड़न मामला, आरोपों की जांच के लिए सेवानिवृत्त न्यायाधीश और पूर्व IPS अधिकारी की समिति गठित
पीड़िता ने यह भी बताया कि रजा ने उसे 'प्लेयर' उपनाम दिया था और ऑफिस में उसे इसी नाम से संबोधित करता था. महिला का आरोप है कि उसने इसकी शिकायत वरिष्ठ अधिकारियों से करने की कोशिश की, लेकिन टीम लीडर ने ऐसे व्यवहार को बढ़ावा दिया.
शारीरिक छेड़छाड़ और अश्लील टिप्पणियां
शिकायतकर्ता ने पुलिस को बताया कि स्थिति तब और खराब हो गई जब सहकर्मियों ने शारीरिक मर्यादाएं लांघनी शुरू कर दीं. पीड़िता के अनुसार, गुड़ी पड़वा के दिन रजा मेनन ने कथित तौर पर उसका पल्लू खींचा और अभद्र तरीके से देखा.
एक अन्य आरोपी, आसिफ अंसारी पर आरोप है कि उसने बार-बार महिला को गलत तरीके से छुआ. पीड़िता ने बयान दिया, "वह जानबूझकर मेरे शरीर को छूता था और कभी मेरे कंधे या जांघ पर हाथ रख देता था." इसके अलावा, आरोपी ने कथित तौर पर महिला के शारीरिक बनावट पर अश्लील कमेंट किए और शादी के बावजूद संबंध बनाने का प्रस्ताव रखा.
धर्म परिवर्तन का दबाव और धमकियां
महिला ने यह भी सनसनीखेज आरोप लगाया है कि आरोपियों ने हिंदू देवी-देवताओं के बारे में आपत्तिजनक टिप्पणी की. जब उसने इन बातों का विरोध किया, तो उसे करियर में आगे बढ़ने के नाम पर धमकाया गया. आरोप है कि सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म इंस्टाग्राम और लिंक्डइन पर भी उसे ब्लॉक करने के बावजूद परेशान किया गया.
प्रशासन और कंपनी की प्रतिक्रिया
इस मामले के तूल पकड़ने के बाद महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने इसे एक गंभीर मुद्दा बताया है और निष्पक्ष जांच का आश्वासन दिया है. दूसरी ओर, टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) ने आरोपी कर्मचारियों को निलंबित कर दिया है.
कंपनी ने स्पष्ट किया कि उनकी 'जीरो टॉलरेंस' नीति है, हालांकि उन्होंने यह भी कहा कि आंतरिक एथिक्स या 'पॉश' (POSH) चैनल के माध्यम से उन्हें पहले कोई शिकायत प्राप्त नहीं हुई थी. फिलहाल, टीसीएस ने मामले की जांच के लिए एक निगरानी पैनल का गठन किया है और बाहरी संस्थाओं की मदद भी ली जा रही है. नासिक पुलिस मामले की गहराई से जांच कर रही है.