Ajit Pawar Death: अजित पवार के निधन के बाद नवी मुंबई के वाशी-APMC में पसरा सन्नाटा, कांदा-बटाटा मार्केट के व्यापारियों ने बंद रखा कारोबार; VIDEO
महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजित पवार के निधन के बाद नवी मुंबई स्थित वाशी-तुर्भे की कृषि उपज मंडी (APMC) में सन्नाटा पसरा हुआ है. विशेष रूप से कांदा-बटाटा (प्याज-आलू) बाजार के व्यापारियों ने अपने चहेते नेता के सम्मान में स्वेच्छा से कारोबार बंद रखा है
Ajit Pawar Death: महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजित पवार के आकस्मिक निधन की खबर मिलते ही नवी मुंबई के वाशी-तुर्भे स्थित एशिया की सबसे बड़ी कृषि उपज मंडी (APMC) में शोक की लहर दौड़ गई है. विशेष रूप से कांदा-बटाटा (प्याज और आलू) बाजार में आज पूरी तरह सन्नाटा पसरा रहा. पुणे और पश्चिमी महाराष्ट्र से आए सैकड़ों व्यापारियों और माथाड़ी कामगारों ने अपने नेता को श्रद्धांजलि देने के लिए व्यापारिक गतिविधियों को स्थगित कर दिया है.
व्यापारियों और कामगारों का भावनात्मक जुड़ाव
वाशी APMC के कांदा-बटाटा मार्केट में काम करने वाले अधिकांश व्यापारी और आढ़ती पुणे जिले और बारामती क्षेत्र से ताल्लुक रखते हैं. अजित पवार का इस वर्ग से गहरा जुड़ाव था और उन्होंने व्यापारियों व माथाड़ी कामगारों की समस्याओं के समाधान में हमेशा सक्रिय भूमिका निभाई थी. यह भी पढ़े: अजित पवार विमान हादसा: कौन थे कैप्टन सुमित कपूर और शांभवी पाठक? अनुभवी पायलटों ने भी गंवाई जान
वाशी APMC में पसरा सन्नाटा
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बाजार के एक वरिष्ठ व्यापारी ने बताया, "अजित दादा हमारे लिए केवल एक राजनेता नहीं, बल्कि एक संरक्षक के समान थे. उनकी कार्यशैली और अनुशासन से बाजार का हर व्यक्ति प्रभावित था. आज हमारे पास काम करने का मन नहीं है, इसलिए हमने सर्वसम्मति से बाजार बंद रखने का फैसला किया है."
सूनी पड़ीं मंडी की गलियां
आम दिनों में जहां सुबह से ही ट्रकों की आवाजाही और बोलियों का शोर रहता था, वहां आज सुबह से ही दुकानें बंद रहीं. कांदा-बटाटा मार्केट के अलावा फल और सब्जी बाजार के कुछ हिस्सों में भी कारोबार प्रभावित हुआ है. कई व्यापारियों ने अपनी दुकानों के बाहर अजित पवार की तस्वीरों पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी.
पुणे और बारामती से आए व्यापारियों में दुख
चूंकि अजित पवार पुणे के संरक्षक मंत्री के रूप में भी कार्य कर चुके थे, इसलिए पुणे के व्यापारियों का वाशी मंडी में बड़ा प्रभाव है. बाजार समिति के सूत्रों के अनुसार, कई व्यापारी और श्रमिक अंतिम दर्शन के लिए बारामती की ओर रवाना हो गए हैं. माथाड़ी कामगार संगठनों ने भी काम बंद रखकर अपने दिवंगत नेता के प्रति सम्मान प्रकट किया है.
आपूर्ति पर पड़ सकता है असर
व्यापारियों के इस फैसले से अगले 24 से 48 घंटों में मुंबई और उपनगरों में प्याज और आलू की थोक आपूर्ति पर आंशिक असर पड़ने की संभावना है. हालांकि, अधिकारियों का कहना है कि यह एक स्वैच्छिक और अस्थायी बंद है और स्थिति जल्द ही सामान्य हो जाएगी.
(The above story first appeared on LatestLY on Jan 28, 2026 04:21 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

