दिल्ली जल बोर्ड के उपाध्यक्ष राघव चड्ढा ने किया सोनिया विहार वॉटर ट्रीटमेंट प्लांट का दौरा, प्रभावित प्लांट में जल्द पूरी क्षमता से शुरू होगा कामकाज
डीजेबी उपाध्यक्ष राघव चड्ढा ने कहा कि माननीय मुख्यमंत्री श्री अरविंद केजरीवाल जी के हर व्यक्ति को 24 घंटे पानी देने के सपने को हकीकत में बदलना है. ऐसे मुश्किल समय में भी हमें इस लक्ष्य को पाने के लिए काम करना होगा.
नई दिल्ली: दिल्ली जल बोर्ड (Delhi Jal Board) के उपाध्यक्ष राघव चड्ढा (Raghav Chadha) ने अमोनिया का स्तर दोबारा बढ़ने से प्रभावित हुए दिल्ली जल बोर्ड के सोनिया विहार प्लांट का दौरा किया. अपने दौरे में डीजेबी उपाध्यक्ष ने सुनिश्चित किया कि प्लांट का कामकाज 70-80 प्रतिशत क्षमता पर दोबारा शुरू हो जाए. उन्होंने सोनिया विहार प्लांट पर वरिष्ठ अधिकारियों और चीफ इंजीनियर (वॉटर) के साथ एक उच्च स्तरीय बैठक की और सोनिया विहार और भागीरथी प्लांट में दोबारा पूरी क्षमता के साथ काम शुरू करने का निर्देश दिया. इन प्लांट्स से दक्षिणी दिल्ली, पूर्वी दिल्ली, उत्तर पूर्वी दिल्ली और एनडीएमसी के कुछ इलाकों में पानी सप्लाई किया जाता है.
डीजेबी उपाध्यक्ष राघव चड्ढा ने कहा कि माननीय मुख्यमंत्री श्री अरविंद केजरीवाल जी के हर व्यक्ति को 24 घंटे पानी देने के सपने को हकीकत में बदलना है. ऐसे मुश्किल समय में भी हमें इस लक्ष्य को पाने के लिए काम करना होगा. मैं यहां सोनिया विहार प्लांट पर खुद आया हूं. इस प्लांट की क्षमता 140 एमजीडी है और मुझे यह बताते हुए खुशी हो रही है कि यह प्लांट अब दोबारा 70-80 प्रतिशत क्षमता के साथ काम कर रहा है. मुझे पूरा भरोसा है कि कुछ घंटों में यह प्लांट 100 प्रतिशत क्षमता पर दोबारा काम करना शुरू करने लगेगा.
श्री चड्ढा ने कहा, ‘मैंने इसके लिए संबंधित अधिकारियों और चीफ इंजीनियर (वॉटर) से मुलाकात की है, यह सभी लोग लगातार काम कर रहे हैं, ताकि प्रभावित इलाकों में पानी की सप्लाई को जल्द ठीक किया जा सके.’ 10 Hafte 10 Baje 10 Minute Campaign: CM केजरीवाल की दिल्लीवासियों से अपील, कहा- डेंगू के खिलाफ जारी अभियान में इस रविवार भी शामिल हो लोग.
इसके पहले, आज सुबह दिल्ली जल बोर्ड के उपाध्यक्ष राघव चड्ढा ने इस मामले पर संदेश जारी करते हुए पानी में बढ़े अमोनिया के कारणों की जानकारी दी. उन्होंने कहा, ‘दिल्ली चारो तरफ से जमीन से घिरा हुआ प्रदेश है, हमें अपने पानी के लिए पड़ोसी राज्यों पर निर्भर होना पड़ता है. दिल्ली में पानी गंगा, यमुना और व्यास नदी से पानी आता है. यमुना का पानी हरियाणा और गंगा का पानी उत्तर प्रदेश से आता है. सालाना मेंटेनेंस की वजह से गंगा नदी का पानी जो उत्तर प्रदेश से आता है वो बंद हो गया है और ऐसा हर साल अक्टूबर महीने में होता है. दुर्भाग्य वश इस बार इस मेंटेनेंस के काम के साथ हरियाणा से दिल्ली में आने वाले पानी में अमोनिया बढ़ने की घटना भी हो गई है.’
उन्होंने आगे पानी में अमोनिया के बढ़े हुए स्तर की जानकारी दी, जो फिलहाल 1.7 पीपीएम से 1.9 पीपीएम (पाट्र्स प्रति मिलियन) के बीच है. ‘कल अमोनिया का स्तर 3.5 पीपीएम तक चला गया था, जो कि बहुत ही ज्यादा खराब स्तर माना जाता है. अमोनिया का स्तर इतना ज्यादा बढ़ने की वजह से कल हमें सोनिया विहार और भागीरथी प्लांट बंद करना पड़ा था. दिल्ली में 1962 के बाद सबसे ठंडा रहा इस बार का अक्टूबर का महीना.
श्री चड्ढा ने कहा, ‘पानी में बढ़े अमोनिया को ठीक करने के लिए हमें अपने 2 बड़े प्लांट सोनिया विहार और भागीरथी प्लांट को बंद करना पड़ा था. इन दोनों प्लांट की क्षमता कुल मिलाकर 250 एमजीडी है और इन प्लांट्स से पूर्वी दिल्ली, उत्तर पूर्वी दिल्ली और दक्षिणी दिल्ली में पानी की सप्लाई होती है.
राघव चड्ढा ने कहा, ‘कभी-कभी स्थिति हमारे वश में नहीं होती है, लेकिन उसके बावजूद दिल्ली के हर नागरिक को पानी की आपूर्ति जारी रखनी है. मुझे खुशी है कि चीफ इंजीनियर से लेकर सभी इंजीनियर युद्ध स्तर पर काम करके इस परेशानी को दूर करने में लगे हैं. मुझे यह बताते हुए खुशी हो रही है कि हमारे चीफ इंजीनियर और अन्य इंजीनियर्स की लगातार मेहनत के बाद इन प्लांट्स में 70-80 प्रतिशत क्षमता के साथ कामकाज शुरू हो गया है और अगले कुछ घंटे में हम पानी में अमोनिया का स्तर कम करने में सफल होंगे.
जिन इलाकों में पिछले एक-डेढ़ दिन से पानी नहीं आया, उन इलाकों में आज सुबह पानी आया है. अभी तक जिन इलाकों में पानी नहीं आया है, वहां भी आज शाम तक पानी आ जाएगा. हरियाणा और उत्तर प्रदेश सरकार से हमारी लगातार बातचीत चल रही है, ताकि यह 70-80 प्रतिशत क्षमता को बढ़ाकर 100 प्रतिशत पर पहुंचाया जा सके और पूर्वी दिल्ली, उत्तर पूर्वी दिल्ली और दक्षिणी दिल्ली के प्रभावित इलाकों में पानी की सप्लाई दुरुस्त की जा सके.’
दिल्ली जल बोर्ड के उपाध्यक्ष ने जिक्र किया कि ‘30 अक्टूबर की देर शाम तक सोनिया विहार और भागीरथी प्लांट करीब 100 प्रतिशत की क्षमता पर काम करने लगे थे, लेकिन रात में अचानक दोबारा अमोनिया का स्तर बढ़ने से दोनों प्लांट की क्षमता घटकर 50 प्रतिशत पर आ गई थी. मुझे भरोसा है कि उत्तर प्रदेश और हरियाणा सरकार के सहयोग से दोनों प्रभावित ट्रीटमेंट प्लांट जल्द पूरी क्षमता पर काम करने लगेंगे.’
‘दिल्ली जल बोर्ड के संगम पंप हाउस के पास पानी जमा करने का एक जलाशय है. पंप हाउस के पास के फ्लड बैराज गेट सिर्फ बाढ़ की स्थिति में खुलते हैं. इस बार बाढ़ की स्थिति नहीं उत्पन्न होने से बैराज के दरवाजे नहीं खुले, जिसकी वजह से इसमें गंदगी भर गई. अगर बैराज के दरवाजे खोले जाते हैं, तो इस पूरे जलाशय का पानी बह जाएगा, जिसकी वजह से दूसरे प्लांट्स में पानी की कमी हो जाएगी.’
दिल्ली जल बोर्ड ने इस स्थिति से निपटने के लिए कई कदम उठाए हैं. कई जगहों पर यमुना नदी में पंप के जरिए एक जगह से दूसरी जगह पानी डाला जा रहा है, ताकि अमोनिया युक्त स्थिर पानी हटाया जा सके और प्लांट में हरियाणा और उत्तर प्रदेश से आने वाला पानी प्रभावित प्लांट में पहुंचाया जा सके.
सोनिया विहार और भागीरथी प्लांट में दिक्कत होने की वजह से दक्षिणी दिल्ली, पूर्वी दिल्ली, उत्तर पूर्वी दिल्ली और एनडीएमसी के जिन इलाकों में पानी की सप्लाई प्रभावित हुई, वो इलाके गोकुलपुरी, सोनिया विहार, करावल नगर, बाबरपुर, ताहिरपुर, दिलशाद गार्डन, नंदनगरी, शाहदरा, लक्ष्मी नगर, गीता कॉलोनी, मयूर विहार, कोंडली, विवेक विहार, सीलमपुर, शास्त्री पार्क, ब्रह्मपुरी, गांधी नगर, सराय काले खां, ओखला, बदरपुर, सरिता विहार, वसंत कुंज, महरौली, ग्रेटर कैलाश, साउथ एक्सटेंशन, लाजपत नगर, लोधी रोड, काका नगर हैं.
(The above story first appeared on LatestLY on Oct 31, 2020 11:52 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

