Sam Pitroda: सैम पित्रोदा को फिर से इंडियन ओवरसीज कांग्रेस का अध्यक्ष नियुक्त किया गया है. इस पर भाजपा की तरफ से तीखी प्रतिक्रिया आई है. बीजेपी ने सोशल साइट एक्स पर पीएम मोदी का एक वीडियो शेयर करते हुए लिखा कि जैसा कि प्रधानमंत्री मोदी ने अनुमान लगाया था, सैम पित्रोदा को कांग्रेस द्वारा हटाया जाना महज एक चुनावी हथकंडा था. अब उन्हें इंडियन ओवरसीज कांग्रेस के अध्यक्ष के रूप में फिर से बहाल कर दिया गया है, जिससे कांग्रेस पार्टी और उसके नेताओं का पाखंड उजागर हो गया है.
वहीं, बीजेपी नेता अमित मालवीय ने एक्स पर लिखा- मध्यम वर्ग को सताने वाला फिर से वापस आ गया है. चुनाव के तुरंत बाद सैम पित्रोदा की वापसी देश की जनता के साथ धोखा है. हुआ तो हुआ.
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पीएम मोदी का वीडियो शेयर कर BJP ने कांग्रेस पर कसा तंज
As PM Modi anticipated, the Congress' sacking of Sam Pitroda was merely an election gimmick. He has now been reinstated as Chairman of the Indian Overseas Congress, exposing the hypocrisy of the Congress party and its leaders. pic.twitter.com/8Kkv37nsg3
— BJP (@BJP4India) June 26, 2024
'हुआ तो हुआ'
The tormentor of middle class is back… Congress hoodwinks India, brings back Sam Pitroda soon after elections. हुआ तो हुआ। pic.twitter.com/kiK3lFq1QN
— Amit Malviya (@amitmalviya) June 26, 2024
सैम पित्रोदा को कभी हटाया ही नहीं गया था: सीआर केसवन
#WATCH | Sam Pitroda re-appointed as Chairman of the Indian Overseas Congress.
BJP leader CR Kesavan says, "...The first thing the Congress party did after appointing Rahul Gandhi as LoP, it has very clearly insulted and betrayed the trust of 140 crore Indians. One should… pic.twitter.com/djOI4N6gEi
— ANI (@ANI) June 27, 2024
बीजेपी नेता सीआर केसवन ने भी इस मामले पर अपनी प्रतिक्रिया दी है. उन्होंने कहा कि सैम पित्रोदा को कभी हटाया ही नहीं गया था. यह सब केवल कागजों पर था. सैम पित्रोदा कांग्रेस के विचारक हैं और यही कांग्रेस का असली चेहरा है.राहुल गांधी को विपक्ष का नेता नियुक्त करने के बाद कांग्रेस पार्टी ने जो पहला काम किया, उसने 140 करोड़ भारतीयों के विश्वास का स्पष्ट रूप से अपमान और विश्वासघात किया है. हमें याद रखना चाहिए कि सैम पित्रोदा नेशनल हेराल्ड मामले में जमानत पर हैं. चुनाव के दौरान सैम पित्रोदा द्वारा की गई नस्लीय और त्वचा के रंग पर भेदभावपूर्ण बयानों को देश न तो भूलेगा और न ही माफ करेगा. सैम पित्रोदा का बयान कांग्रेस पार्टी की संकीर्ण और विभाजनकारी मानसिकता को दर्शाता है. समझ नहीं आता कि कांग्रेस पार्टी को उन्हें फिर से नियुक्त करने की क्या मजबूरी है?'













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