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Pawan Hans Helicopter Crash: अंडमान में पवन हंस हेलीकॉप्टर की समुद्र में इमरजेंसी लैंडिंग, सभी 7 लोग सुरक्षित बचाए गए, मायाबंदर के पास हुआ हादसा

अंडमान और निकोबार द्वीप समूह के मायाबंदर के पास पवन हंस का एक हेलीकॉप्टर तकनीकी खराबी के कारण समुद्र में गिर गया. हेलीकॉप्टर में सवार 5 यात्रियों और 2 पायलटों को सुरक्षित बचा लिया गया है. नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) ने मामले की जांच शुरू कर दी है.

Pawan Hans Helicopter Crash: अंडमान में पवन हंस हेलीकॉप्टर की समुद्र में इमरजेंसी लैंडिंग, सभी 7 लोग सुरक्षित बचाए गए, मायाबंदर के पास हुआ हादसा
पवन हंस हेलिकॉप्टर की समुद्र में इमरजेंसी लैंडिंग के बाद सभी 7 लोग सुरक्षित (Photo Credits: X/@JohnWilbert93)

श्री विजया पुरम (पोर्ट ब्लेयर): अंडमान और निकोबार द्वीप समूह (Andaman and Nicobar Islands)  में मंगलवार (24 फरवरी 2026) सुबह एक बड़ा विमान हादसा टल गया. मायाबंदर (Mayabunder) के पास पवन हंस के एक हेलीकॉप्टर को तकनीकी खराबी के बाद समुद्र में इमरजेंसी लैंडिंग ('डिचिंग') (Emergency Landing) करनी पड़ी. राहत की बात यह रही कि हेलीकॉप्टर में सवार सभी 7 लोगों (जिनमें 5 यात्री और 2 पायलट शामिल हैं) को सुरक्षित बचा लिया गया है. यह हादसा सुबह करीब 9:30 बजे तब हुआ जब हेलीकॉप्टर पोर्ट ब्लेयर (श्री विजया पुरम) से मायाबंदर के लिए उड़ान भर रहा था. यह भी पढ़ें: SpiceJet Emergency Landing: लेह जा रहा स्पाइसजेट विमान के इंजन में आई तकनीकी खराबी, दिल्ली में कराई गई इमरजेंसी लैंडिंग; पायलट समेत सभी यात्री सुरक्षित

सूझबूझ से बची जान: पायलटों ने की 'डिचिंग'

हेलीकॉप्टर ने सुबह लगभग 8:45 बजे पोर्ट ब्लेयर से उड़ान भरी थी। मायाबंदर हेलीपैड पर उतरने से ठीक पहले, रनवे से मात्र 300 मीटर की दूरी पर पायलटों को तकनीकी खराबी का पता चला. स्थिति की गंभीरता को देखते हुए पायलटों ने कुशलतापूर्वक हेलीकॉप्टर को जमीन के बजाय समुद्र की सतह पर उतारा। इस प्रक्रिया को विमानन की भाषा में 'डिचिंग' कहा जाता है. हेलीकॉप्टर पानी की सतह पर कुछ देर तक तैरता रहा, जिससे सभी को सुरक्षित निकलने का समय मिल गया.

त्वरित बचाव अभियान

हादसे के तुरंत बाद बचाव अभियान शुरू किया गया। तटरक्षक बल (Indian Coast Guard) और स्थानीय अधिकारियों के समन्वय से सभी को समुद्र से बाहर निकाला गया। बचाए गए यात्रियों की पहचान रजिता देवी और उनका नवजात शिशु, कमल चंद्र दास, शिप्रा साहा और नंबी अम्मा के रूप में हुई है. इन सभी को मायाबंदर के डॉ. राजेंद्र प्रसाद (RP) अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहाँ वे डॉक्टरों की निगरानी में हैं.

पवन हंस हेलीकॉप्टर दुर्घटना

तकनीकी खराबी की जांच शुरू

नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) ने इस घटना की औपचारिक जांच के आदेश दिए हैं। शुरुआती पूछताछ में सामने आया है कि उड़ान के दौरान हेलीकॉप्टर में कोई मैकेनिकल गड़बड़ी हुई थी. जांच टीम हेलीकॉप्टर के रखरखाव (Maintenance) रिकॉर्ड और फ्लाइट डेटा रिकॉर्डर की जांच करेगी.

पवन हंस ने सुरक्षा ऑडिट पूरा होने तक मायाबंदर मार्ग पर अपनी सेवाएं अस्थायी रूप से निलंबित कर दी हैं. समुद्र में डूबे हेलीकॉप्टर के मलबे को बाहर निकालने के प्रयास जारी हैं.

अंडमान के लिए हेलीकॉप्टर सेवाओं का महत्व

अंडमान और निकोबार द्वीप समूह में हेलीकॉप्टर सेवाएं एक जीवन रेखा (Lifeline) की तरह हैं. दूरदराज के द्वीपों के बीच यात्रा के लिए नाव से घंटों का समय लगता है, जिसे ये सेवाएं मिनटों में पूरा करती हैं। पवन हंस मुख्य रूप से आपातकालीन चिकित्सा निकासी, सरकारी परिवहन और पर्यटन के लिए इन उड़ानों का संचालन करता है.

यह घटना झारखंड में एक दिन पहले हुए एयर एम्बुलेंस क्रैश के बाद सामने आई है, जिससे देश में विमानन सुरक्षा (Aviation Safety) को लेकर चिंताएं बढ़ गई हैं.

(The above story first appeared on LatestLY on Feb 24, 2026 01:55 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).