लोकसभा चुनाव 2019: उत्तर प्रदेश के अमेठी लोकसभा सीट (Amethi Lok Sabha Seat) से कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी (Congress President Rahul Gandhi) का सामना बीजेपी की दिग्गज उम्मीदवार स्मृति ईरानी (Smriti Irani) से होने वाला है, लेकिन मतदान से ठीक एक दिन पहले अमेठी की यह चुनावी जंग अस्पताल (Hospital) तक पहुंच गई है. रविवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Narendra Modi) और स्मृति ईरान ने गांधी परिवार के अस्पाताल पर गंभीर आरोप लगाया. दरअसल, रविवार को मध्य प्रदेश के ग्वालियर में एक चुनावी रैली को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए कहा कि अमेठी में एक अस्पताल है, जिसके ट्रस्टी नामदार परिवार के सदस्य हैं. इस अस्पताल में एक गरीब मरीज आयुष्मान कार्ड लेकर अपना इलाज कराने पहुंचा, लेकिन वहां उसका इलाज नहीं किया गया.
पीएम मोदी का कहना है कि उस अस्पताल में इलाज कराने गए मरीज से यह कहा गया कि ये मोदी का अस्पताल नहां है, जहां आयुष्मान कार्ड चल जाएगा. दुख की बात है कि इलाज न मिलने के कारण उस गरीब मरीज की मौत हो गई. उसकी मौत के लिए जिम्मेदार गुनहगारों को सजा मिलनी चाहिए. यह भी पढ़ें: मध्य प्रदेश: राहुल गांधी पर आक्रामक हुए पीएम मोदी, बोले- राजकुमार को ट्रेनिंग देने में बर्बाद हुए देश के 10 साल, परिवार ने वफादार वॉचमैन को बनाया प्रधानमंत्री
अमेठी में एक अस्पताल है। इस अस्पताल के ट्रस्टी नामदार परिवार के सदस्य है।
कुछ दिन पहले इस अस्पताल में मौत से लड़ाई लड़ रहा एक गरीब आयुष्मान कार्ड लेकर अपना इलाज कराने गया।
तो उस गरीब को कहा गया कि ये मोदी का अस्पताल नहीं, जहां आयुष्मान कार्ड चल जाए: पीएम #HarGharModiKeSaath pic.twitter.com/PuJbdPVg1m
— BJP (@BJP4India) May 5, 2019
वहीं अमेठी से बीजेपी की उम्मीदार स्मृति ईरानी ने भी अपने ट्विटर एकाउंट पर एक वीडियो शेयर किया, जिसमें उन्होंने दावा किया है कि आयुष्मान कार्ड होने की वजह से अस्पताल में गरीब मरीज का इलाज नहीं किया गया. इस वीडियो में एक युवक कहता दिखाई दे रहा है कि वो अपने चाचा का इलाज कराने के लिए संजय गांधी अस्पताल गया था, जहां डॉक्टर ने इलाज करने से इंकार कर दिया, जिसके चलते उसके चाचा की मौत हो गई.
इस वीडियो को शेयर करने के साथ ही स्मृति ईरानी ने लिखा कि आज में निशब्द हूं. कोई इतना कैसे गिर सकता है यह कभी सोचा नहीं था. एक गरीब को इसलिए मरने दिया गया, क्योंकि उसके पास मोदी का आयुष्मान कार्ड था, पर अस्पताल राहुल गांधी का था. यह भी पढ़ें: लोकसभा चुनाव 2019: स्मृति ईरानी ने कांग्रेस पर साधा निशाना, अमेठी में फूड पार्क परियोजना न बनने के लिए ठहराया दोषी
आज मैं निशब्द हूँ - कोई इतना गिर सकता है यह कभी नहीं सोचा था।
एक ग़रीब को सिर्फ़ इसलिए मरने दिया क्यूँकि उसके पास मोदी का आयुष्मान कार्ड था पर अस्पताल राहुल गांधी का था। pic.twitter.com/fSqEpK5A6S
— Chowkidar Smriti Z Irani (@smritiirani) May 5, 2019
गौरतलब है अस्पताल प्रशासन ने स्मृति ईरानी के इन आरोपों को सिरे से खारिज किया है. इस अस्पताल के निदेशक कैप्टन सूरज महेंद्र चौधरी ने इस आरोप को निराधार और राजनीति से प्रेरित करार देते हुए कहा कि नन्हेलाल नाम का एक मरीज 25 अप्रैल की रात 11 बजे संजय गांधी अस्पताल में आया था. ज्यादा शराब पीने के चलते उसका लिवर फेल हो चुका था और उसके पास आयुष्मान भारत योजना का कोई कार्ड नहीं था, फिर भी उसका इलाज शुरू किया गया. हालांकि उससे कहा गया कि अगर उसके पार कार्ड हो तो मंगवा ले, लेकिन इससे पहले ही 26 अप्रैल की सुबह उसकी मौत हो गई.













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