Video: EVM हटाओं, लोकतंत्र बचाओं का नागपुर में दिया गया नारा, शीतसत्र के पहले ही दिन विपक्ष ने विधानमंडल परिसर में किया प्रदर्शन
नागपुर विधानसभा के शीतसत्र के पहले ही दिन विपक्ष ने विधानमंडल की सीढ़ियों पर EVM को लेकर जमकर प्रदर्शन किया. इस दौरान ईवीएम के खिलाफ नारेबाजी भी की गई.
नागपुर, महाराष्ट्र: नागपुर विधानसभा के शीतसत्र के पहले ही दिन विपक्ष ने विधानमंडल की सीढ़ियों पर EVM को लेकर जमकर प्रदर्शन किया. इस दौरान ईवीएम के खिलाफ नारेबाजी भी की गई. इस समय कांग्रेस , शरद पवार एनसीपी और उद्धव गुट के नेता मौजूद थे. EVM हटाओं, लोकतंत्र बचाओ का नारा इस समय दिया गया.
प्रदर्शनकारी नेताओं ने ईवीएम की विश्वसनीयता पर चिंता जताते हुए चुनावी प्रक्रिया में उनकी विश्वसनीयता की समीक्षा की मांग की.शीतकालीन सत्र के पहले दिन महाविकास आघाड़ी ने विधान भवन की सीढ़ियों पर पोस्टर लेकर यह धरना दिया. ईवीएम का विरोध जताते हुए विपक्ष ने 'ईवीएम सरकार हाय हाय, ईवीएम हटाओ. ये भी पढ़े:VIDEO: धुले में उद्धव गुट और महाविकास आघाड़ी के नेताओं ने निकाली EVM की शवयात्रा, हाथों में मशाल लेकर निकले सैकड़ो लोग और कार्यकर्ता
EVM को लेकर नागपुर के विधानमंडल में विपक्ष का आंदोलन
महाराष्ट्र हिवाळी अधिवेशनाला आजपासून सुरुवात झाली. आज पहिल्याच दिवशी सर्व विरोधी आमदारांनी विधिमंडळ परिसरात EVM मशीन घेऊन निदर्शने केली. सर्व आमदार हातात फलक घेऊन निषेध करत होते आणि ईव्हीएम हटाओ, लोकशाही वाचवा, अशा घोषणा देत होते.#WinterSession2024 #Nagpur pic.twitter.com/SG66D7G98v
— आकाशवाणी बातम्या नागपूर (@airnews_nagpur) December 16, 2024
जैसे नारे लगाकर, राज्य में आई ईवीएम सरकार ऐसा कहकर विरोध किया. इस प्रदर्शन में अंबादास दानवे,कांग्रेस विधायक विजय वडेट्टीवार, नितिन राउत, भाई जगताप और विकास ठाकरे, शिवसेना (यूबीटी) नेता भास्कर जाधव, वरुण देसाई और सचिन अहीर और राकांपा विधायक जितेंद्र आव्हाड भी मौजूद थे.
विधायक अंबादास दानवे ने कहा की जिस तरह से चुनाव के नतीजे आएं है. थोड़ा बहुत जनमत इधर उधर हो सकता है. लेकिन जिस तरह से बीजेपी और उनकी सहयोगी पार्टियों का जनमत आया है, ये ईवीएम के कारण आया है, ऐसी हमारी भावना है. उन्होंने कहा की मारकरवाड़ी गांव के लोगों ने बैलट पेपर से मतदान का निर्णय लिया था. लेकिन लॉ एंड ऑर्डर के कारण पुलिस ने उनपर कार्रवाई की, ये गलत है.अगर इसमें कोई समस्या नहीं है तो बैलट पेपर से मतदान होने देने चाहिए थे. ये ईवीएम सरकार है, ये जनमत की सरकार नहीं है.
(The above story first appeared on LatestLY on Dec 16, 2024 03:38 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

