BJP Leaders Obscene Video Case: हर हफ्ते एक नया वीडियो, हर बार नई सफाई; बीजेपी के चरित्रहीन नेताओं की कब कसी जाएगी लंगोट?
भारतीय जनता पार्टी खुद को अक्सर ‘संस्कारी पार्टी’ कहती है. बात-बात पर नैतिकता, संस्कृति और परंपरा की दुहाई देती है. लेकिन पिछले कुछ महीनों से जो कुछ हो रहा है, उसने इस दावे की पोल खोलकर रख दी है.
BJP Leaders Obscene Video Case: भारतीय जनता पार्टी खुद को अक्सर ‘संस्कारी पार्टी’ कहती है. बात-बात पर नैतिकता, संस्कृति और परंपरा की दुहाई देती है. लेकिन पिछले कुछ महीनों से जो कुछ हो रहा है, उसने इस दावे की पोल खोलकर रख दी है. कभी किसी नेता का डांसर संग अश्लील डांस, तो कभी किसी का महिला कार्यकर्ता संग आपत्तिजनक हरकतें करते वीडियो वायरल हो रहा है. सवाल सीधा है – क्या बीजेपी के पास अपने नेताओं पर लगाम लगाने का कोई सिस्टम बचा है? ताजा मामला यूपी के गोंडा जिले से सामने आया है, जहां बीजेपी के ज़िला अध्यक्ष अमर किशोर कश्यप उर्फ ‘बम-बम’ का वीडियो वायरल हो गया है. इस वीडियो में वो एक महिला कार्यकर्ता के साथ पार्टी दफ्तर के अंदर आपत्तिजनक स्थिति में नजर आ रहे हैं.
जैसे ही वीडियो सामने आया, अमर किशोर और उस महिला ने सफाई दे डाली. कहा गया कि महिला को चक्कर आ गया था, और बीजेपी नेता ने सिर्फ उसे गिरने से बचाया. महिला ने उन्हें ‘पिता समान’ तक बता दिया और वीडियो को ‘राजनीतिक साजिश’ बताया.
BJP नेताओं के कई अश्लील वीडियो हुए वायरल
बता दें, ये कोई पहला मामला नहीं है. इससे पहले मध्य प्रदेश के मंदसौर से बीजेपी नेता मनोहरलाल धाकड़ का भी वीडियो वायरल हुआ था, जिसमें वो एक्सप्रेसवे पर एक महिला के साथ गाड़ी में आपत्तिजनक स्थिति में नजर आए. फिर सिवनी मालवा से बीजेपी नेता कमल रघुवंशी का वीडियो सामने आया जिसमें वो महिला डांसर को स्टेज पर जबरन किस करने की कोशिश कर रहे हैं.
वहीं यूपी के बलिया से बाबन सिंह रघुवंशी का वीडियो भी कुछ समय पहले वायरल हुआ था जिसमें वो डांसर के साथ बदसलूकी कर रहे थे.
हर बार बस एक ही सफाई- राजनीतिक साजिश
हर वीडियो के बाद वही सफाई, वही बयान, “राजनीतिक साजिश”, “पिता समान”, “बेटी जैसा रिश्ता”. लेकिन जनता अब इन बयानों पर यकीन नहीं कर रही. विपक्ष भी अब खुलकर हमलावर हो गया है. कांग्रेस प्रवक्ता तीखा तंज कसते हुए पूछ रहेहैं, “क्या इन्हीं लोगों के हाथों में बेटियों की सुरक्षा है?” सोशल मीडिया पर भी बीजेपी की खूब खिंचाई हो रही है. अब बीजेपी को तय करना होगा कि वो ‘महिला सुरक्षा’ की बात सिर्फ मंचों पर करेगी या अपने नेताओं की हरकतों पर भी लगाम लगाएगी.
सवाल पार्टी की साख का भी है. बीजेपी अगर वाकई खुद को एक जिम्मेदार और अनुशासित पार्टी मानती है, तो उसे सिर्फ नोटिस जारी करने से आगे बढ़कर सख्त एक्शन लेना होगा. क्योंकि ऐसे नेता ना सिर्फ महिलाओं के सम्मान को ठेस पहुंचा रहे हैं, बल्कि पार्टी की छवि को भी हर बार मिट्टी में मिला रहे हैं.
Disclaimer: यह खबर सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो और मीडिया रिपोर्ट्स पर आधारित है. लेटेस्टली डॉट कॉम किसी भी वायरल वीडियो की पुष्टि नहीं करता है और न ही किसी की छवि खराब करने का इरादा रखता है.
(The above story first appeared on LatestLY on May 26, 2025 04:31 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

