कांग्रेस का सरकार पर निशाना- GST का हिस्सा नहीं दिया, अब राज्यों से वैट कम करने को कह रहे हैं पीएम
कांग्रेस ने प्रधानमंत्री मोदी की राज्यों से तेल पर वैट घटाने की अपील के बाद केंद्र द्वारा एक्साइज ड्यूटी बढ़ाकर 26 लाख करोड़ रुपए का हिसाब देने की मांग की है. कांग्रेस प्रवक्ता पवन खेड़ा ने बुधवार को कहा, पेट्रोल-डीजल पर केंद्रीय एक्साइज ड्यूटी से केंद्र ने 26 लाख करोड़ रुपये कमाए हैं. इस बात का जिक्र पीएम ने क्यों नहीं किया?
कांग्रेस ने प्रधानमंत्री मोदी की राज्यों से तेल पर वैट घटाने की अपील के बाद केंद्र द्वारा एक्साइज ड्यूटी बढ़ाकर 26 लाख करोड़ रुपए का हिसाब देने की मांग की है. कांग्रेस प्रवक्ता पवन खेड़ा ने बुधवार को कहा, पेट्रोल-डीजल पर केंद्रीय एक्साइज ड्यूटी से केंद्र ने 26 लाख करोड़ रुपये कमाए हैं. इस बात का जिक्र पीएम ने क्यों नहीं किया? प्रधानमंत्री ‘जुमलों और ध्यान भटकाने’ की बजाय पेट्रोल-डीजल पर उत्पाद शुल्क कम करें: कांग्रेस.
उन्होंने कहा कि आपने राज्यों को समय पर जीएसटी का हिस्सा नहीं दिया और फिर अब आप राज्यों से वैट को कम करने के लिए कह रहे हैं. पहले उन्हें केंद्रीय एक्साइज ड्यूटी कम करनी चाहिए, इसके बाद राज्यों से वैट कम करने के लिए कहना चाहिए.
पवन खेड़ा ने कहा, वो हमेशा भूल जाते हैं कि वह पूरे देश के पीएम हैं. उन्हें माफी मांगनी चाहिए कि वह कभी भी राज्यों को जीएसटी मुआवजा समय पर नहीं देते.
गौरतलब है कि प्रधानमंत्री मोदी ने बुधवार को कोविड-19 को लेकर सभी राज्यों के मुख्यमंत्रियों से बातचीत के दौरान कहा, पेट्रोल डीजल की बढ़ती कीमत का बोझ कम करने के लिए केंद्र सरकार ने एक्साइज ड्यूटी में पिछले नवंबर में कमी की थी. इसके बाद राज्यों से भी आग्रह किया गया था कि वो प्रदेश में टैक्स कम करें. कुछ राज्यों ने तो अपने यहां टैक्स कम कर दिया, लेकिन कुछ राज्यों ने अपने लोगों को इसका लाभ नहीं दिया.
उन्होंने कहा था युद्ध की परिस्थिति से सप्लाई चेन प्रभावित हुई है, ऐसे माहौल में दिनों-दिन चुनौतियां बढ़ती जा रही हैं. वैश्विक संकट के बीच तेल के दाम तेजी से बढ़ रहे हैं. ऐसी वैश्विक परिस्थितियों में केंद्र और राज्य सरकारों का तालमेल, सामंजस्य पहले से अधिक आवश्यक है. मेरा आग्रह है कि देशहित में राज्य भी टैक्स कम करेंगे तो जनता को फायदा होगा.