LPG Shipment Through Hormuz: गल्प से 20 हजार टन एलपीजी लेकर कांडला पहुंचा जहाज, होर्मुज जलडमरूमध्य पार कर सुरक्षित भारत पहुंची खेप
(Photo Credits ANI)

LPG Shipment Through Hormuz: पश्चिम एशिया में जारी तनाव के बीच कतर से 20 हजार मीट्रिक टन लिक्विफाइड पेट्रोलियम गैस (LPG) लेकर चला एक जहाज सुरक्षित रूप से गुजरात के कांडला स्थित दीनदयाल पोर्ट अथॉरिटी पहुंच गया. अधिकारियों ने रविवार को यह जानकारी दी. मार्शल आइलैंड्स के झंडे वाला एमवी सिमी (MV SYMI) नाम का यह जहाज कतर से रवाना हुआ था और 13 मई को होर्मुज जलडमरूमध्य पार करने के बाद शनिवार रात करीब 11:30 बजे कांडला बंदरगाह पर पहुंचा. पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष के कारण इस समुद्री मार्ग पर सुरक्षा को लेकर लगातार चिंता बनी हुई है. LPG सिलेंडर के नियमों में 1 मई से बड़ा बदलाव: बिना OTP नहीं मिलेगी डिलीवरी, बुकिंग के समय में भी हुआ बदलाव

मार्च की शुरुआत से अब तक 13 भारतीय ध्वज वाले जहाज होर्मुज जलडमरूमध्य पार कर चुके हैं. इनमें 12 एलपीजी टैंकर और एक कच्चे तेल का टैंकर शामिल है. ओमान के तट के पास स्थित यह संकरा समुद्री मार्ग दुनिया के करीब 20 प्रतिशत तेल और गैस निर्यात के लिए बेहद अहम माना जाता है. हालांकि, 28 फरवरी से शुरू हुए पश्चिम एशिया संकट के बाद इस जलमार्ग पर जहाजों की आवाजाही गंभीर रूप से प्रभावित हुई है. अमेरिका और इजरायल द्वारा ईरान पर संयुक्त हमलों के बाद क्षेत्र में तनाव बढ़ गया, जिसके जवाब में ईरान ने भी पलटवार किए. इससे वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति पर बड़ा असर पड़ा है और दुनिया हाल के दशकों के सबसे बड़े ऊर्जा संकटों में से एक का सामना कर रही है.

भारत ने होर्मुज जलडमरूमध्य में व्यावसायिक जहाजों पर हो रहे हमलों की कड़ी निंदा की है. संयुक्त राष्ट्र आर्थिक और सामाजिक परिषद की विशेष बैठक में भारत ने कहा कि नागरिक जहाजों और समुद्री आवाजाही को निशाना बनाना पूरी तरह अस्वीकार्य है. संयुक्त राष्ट्र में भारत के स्थायी प्रतिनिधि पर्वतनेनी हरीश ने कहा कि नागरिक चालक दल पर हमला और नौवहन की स्वतंत्रता में बाधा किसी भी स्थिति में उचित नहीं ठहराई जा सकती.

यह बयान उस घटना के कुछ दिनों बाद आया, जब 13 मई को ओमान तट के पास भारतीय ध्वज वाले एक व्यावसायिक जहाज पर हमला हुआ था. सोमालिया से रवाना हुए इस जहाज के सभी 14 चालक दल के सदस्यों को ओमानी अधिकारियों ने सुरक्षित बचा लिया था, हालांकि हमला किसने किया यह अभी स्पष्ट नहीं हो सका है.

पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के कारण होर्मुज जलडमरूमध्य की सुरक्षा को लेकर चिंता लगातार बढ़ रही है. इस समुद्री मार्ग से दुनिया की लगभग पांचवां हिस्सा ऊर्जा आपूर्ति गुजरती है. इस साल संघर्ष बढ़ने के बाद से कम से कम दो अन्य भारतीय ध्वज वाले जहाज भी हमलों का शिकार हो चुके हैं.