आंध्र में TDP की आंधी में जगन मोहन रेड्डी को बड़ा झटका, नेता प्रतिपक्ष की कुर्सी भी नहीं आई हाथ
हार के बाद जगन मोहन रेड्डी को विपक्ष के नेता का दर्जा भी नहीं मिल सकता है क्योंकि पार्टी के पास इस पद के लिए पर्याप्त संख्या नहीं है. 175 सदस्यीय विधानसभा में विपक्ष के पास विपक्ष के नेता का दर्जा पाने के लिए कम से कम 18 विधायक होने चाहिए.
विजयवाड़ा: मुख्यमंत्री और YSRCP अध्यक्ष वाईएस जगन मोहन रेड्डी (YS Jagan Mohan Reddy) ने इस्तीफा दे दिया है. आंध्र प्रदेश विधानसभा चुनाव में युवजन श्रमिक रायथू कांग्रेस पार्टी (वाईएसआर कांग्रेस) की हार के बाद रेड्डी ने राज्यपाल नजीर को अपना इस्तीफा सौंपा. हार के बाद जगन मोहन रेड्डी को विपक्ष के नेता का दर्जा भी नहीं मिल सकता है क्योंकि पार्टी के पास इस पद के लिए पर्याप्त संख्या नहीं है. 175 सदस्यीय विधानसभा में विपक्ष के पास विपक्ष के नेता का दर्जा पाने के लिए कम से कम 18 विधायक होने चाहिए. जगन की वाईएसआरसीपी केवल 11 विधानसभा सीटें जीतने में सफल रही.
विधानसभा चुनावों में चंद्रबाबू नायडू ने बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए सत्ता में शानदार वापसी की. नायडू सरकार के खिलाफ पदयात्रा और जमीनी संघर्ष कर पांच साल पहले युवा चेहरे और वाईएसआर कांग्रेस के मुखिया जगन मोहन रेड्डी ने नायडू से सत्ता झटकी थी, लेकिन नायडू ने जबरदस्त जीत दोहराते हुए अपना बदला पूरा कर लिया.
नायडू ने यहां एनडीए के साथ राज्य की 25 लोकसभा सीटों में 21 सीटें जीती हैं, जिसमें से टीडीपी को 16, बीजेपी को तीन और जनसेना को दो सीटें मिली हैं. वाईएसआर कांग्रेस को चार सीटें मिली है. जबकि, पिछली बार वाईएसआर कांग्रेस ने 22 सीटें जीती थीं, जबकि तीन टीडीपी को तीन मिली थी.
विधानसभा चुनावों में इस बार टीडीपी को 175 में से 133, जन सेना को 21, बीजेपी को 8 और वाईएसआरसीपी को 13 सीटें मिली हैं.
(The above story first appeared on LatestLY on Jun 05, 2024 09:55 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

