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US And Israel-Iran Conflict: मिडिल ईस्ट में महायुद्ध का खतरा! ईरान पर पूरी ताकत से हमला कर सकता है इजरायल

अमेरिकी रिपोर्ट के मुताबिक इजरायल ईरान पर हमले की पूरी तैयारी कर चुका है, जिससे मध्य पूर्व में जंग का खतरा बढ़ गया है. इस खतरे को देखते हुए अमेरिका ने अपने नागरिकों को वापस बुलाना शुरू कर दिया है क्योंकि उसे अपने सैनिक ठिकानों पर ईरानी हमले का डर है. इस तनाव की जड़ ईरान का परमाणु कार्यक्रम है और ईरान ने धमकी दी है कि इजरायली हमले का बदला अमेरिकी ठिकानों से लिया जाएगा.

US And Israel-Iran Conflict: मिडिल ईस्ट में महायुद्ध का खतरा! ईरान पर पूरी ताकत से हमला कर सकता है इजरायल

पूरी दुनिया की नजरें एक बार फिर मिडिल ईस्ट पर टिक गई हैं, जहां एक और बड़ी जंग का खतरा मंडरा रहा है. एक अमेरिकी न्यूज़ रिपोर्ट ने खुलासा किया है कि इजरायल, ईरान पर पूरी ताकत से हमला करने के लिए तैयार बैठा है. इस खबर ने अमेरिका समेत पूरी दुनिया की चिंता बढ़ा दी है.

अमेरिका क्यों है परेशान?

इस खबर से सबसे ज्यादा बेचैनी अमेरिका में है. उसे डर है कि अगर इजरायल ने ईरान पर हमला किया, तो ईरान चुप नहीं बैठेगा. वह जवाबी कार्रवाई में इराक और आस-पास के देशों में मौजूद अमेरिकी सैनिक ठिकानों को निशाना बना सकता है.

इसी खतरे को देखते हुए अमेरिका ने अपने नागरिकों और गैर-जरूरी सरकारी कर्मचारियों को इराक, बहरीन और कुवैत जैसे देशों को तुरंत छोड़ने की सलाह दी है. जब कोई देश अपने नागरिकों को किसी जगह से निकलने के लिए कहता है, तो यह इस बात का संकेत होता है कि हालात वाकई गंभीर हैं.

इस तनाव की असली वजह क्या है?

इस पूरे झगड़े की जड़ में ईरान का परमाणु कार्यक्रम है. अमेरिका और इजरायल को शक है कि ईरान परमाणु बम बना रहा है. अमेरिका के तत्कालीन राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कई बार साफ तौर पर कहा है कि वो ईरान को परमाणु हथियार हासिल नहीं करने देंगे. उन्होंने कहा, "ईरान के पास परमाणु हथियार नहीं हो सकते. हम इसकी इजाजत नहीं देंगे."

ईरान के साथ परमाणु कार्यक्रम को रोकने के लिए बातचीत चल रही थी, लेकिन वो असफल रही. इसी के बाद से तनाव और ज़्यादा बढ़ गया है.

इजरायल अकेले उठा सकता है कदम

रिपोर्ट्स के मुताबिक, अमेरिका को यह भी डर है कि इजरायल शायद अमेरिका की इजाजत का इंतजार भी न करे और ईरान के परमाणु ठिकानों पर अकेले ही हमला कर दे. अगर ऐसा होता है, तो अमेरिका न चाहते हुए भी इस जंग में खिंच सकता है, क्योंकि इजरायल उसका सबसे करीबी सहयोगी है.

ईरान की सीधी धमकी

दूसरी तरफ, ईरान ने भी खुली चेतावनी दी है. उसका कहना है कि अगर इजरायल ने हमला किया तो इसका अंजाम अमेरिका को भुगतना पड़ेगा. ईरान के मुताबिक, इजरायल को सबसे बड़ी ताकत और समर्थन अमेरिका से ही मिलता है, इसलिए हमले की सूरत में वो इस पूरे इलाके में फैले अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर पलटवार करेगा.

इराक, कुवैत, कतर, बहरीन और संयुक्त अरब अमीरात जैसे कई मिडिल ईस्ट देशों में अमेरिका के सैनिक अड्डे हैं, जो ईरान की मिसाइलों की जद में आ सकते हैं. कुल मिलाकर, हालात बेहद तनावपूर्ण हैं और एक छोटी सी चिंगारी भी एक बड़े युद्ध की आग भड़का सकती है.

(The above story first appeared on LatestLY on Jun 12, 2025 12:49 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).