SBI YONO Aadhaar Update Scam: एसबीआई योनो यूजर्स सावधान, 'आधार अपडेट' के नाम पर खाली हो सकता है बैंक अकाउंट, एडवाइजरी जारी

स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) ने अपने करोड़ों ग्राहकों को एक नए 'आधार अपडेट' स्कैम के प्रति आगाह किया है. धोखेबाज ग्राहकों को योनो (YONO) अकाउंट बंद होने का डर दिखाकर फर्जी लिंक के जरिए उनकी बैंकिंग जानकारी चुराने की कोशिश कर रहे हैं.

SBI YONO Aadhaar Update Scam: देश के सबसे बड़े सार्वजनिक क्षेत्र के ऋणदाता, स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) ने अपने ग्राहकों के लिए एक हाई-प्रायोरिटी सुरक्षा एडवायजरी जारी की है. बैंक ने एसएमएस (SMS) और व्हाट्सएप (WhatsApp) के जरिए चल रहे एक सोफिस्टिकेटेड फिशिंग अभियान के बारे में चेतावनी दी है. इसमें जालसाज ग्राहकों को 'जरूरी' सूचनाएं भेजकर दावा कर रहे हैं कि यदि उन्होंने तुरंत दिए गए लिंक के माध्यम से अपना आधार विवरण अपडेट नहीं किया, तो उनका योनो मोबाइल बैंकिंग एक्सेस बंद कर दिया जाएगा. बैंक अधिकारियों ने पुष्टि की है कि ये संदेश पूरी तरह फर्जी हैं और इनका उद्देश्य ग्राहकों का संवेदनशील डेटा चुराना है.

कैसे काम करता है यह 'आधार अपडेट' स्कैम?

इस धोखाधड़ी की शुरुआत एक दबाव बनाने वाले टेक्स्ट मैसेज से होती है. मैसेज में लिखा होता है कि "आपका एसबीआई योनो अकाउंट आज रात ब्लॉक हो जाएगा" क्योंकि आपका आधार नंबर अपडेट नहीं है. इसके बाद यूजर को एक लिंक पर क्लिक करके "आधिकारिक एसबीआई आधार अपडेट ऐप" इंस्टॉल करने के लिए कहा जाता है. वास्तव में, यह लिंक एक दुर्भावनापूर्ण वेबसाइट या फर्जी एपीके (APK) फाइल पर ले जाता है. एक बार इंस्टॉल होने के बाद, ये ऐप यूजर के लॉगिन आईडी, पासवर्ड और ओटीपी (OTP) कैप्चर कर लेते हैं, जिससे जालसाज बैंक खाते से पैसे निकाल लेते हैं.  यह भी पढ़े: SBI Share Price Surges: एसबीआई तीसरी तिमाही नतीजे , रिकॉर्ड ₹21,028 करोड़ का मुनाफा, शेयर में 6% की जबरदस्त तेजी

एसबीआई के आधिकारिक सुरक्षा दिशानिर्देश

बैंक ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (X) पर ग्राहकों को अपनी संपत्ति की रक्षा करने के लिए कई महत्वपूर्ण सुरक्षा उपाय साझा किए हैं:

  • अज्ञात लिंक से बचें: किसी भी अज्ञात नंबर से आए एसएमएस, व्हाट्सएप या ईमेल में दिए गए लिंक पर क्लिक न करें.

  • आधिकारिक स्टोर का उपयोग करें: योनो ऐप या कोई भी बैंकिंग सॉफ्टवेयर केवल गूगल प्ले स्टोर (Google Play Store) या एप्पल ऐप स्टोर (Apple App Store) से ही डाउनलोड करें.

  • थर्ड-पार्टी एपीके (APK) नहीं: चैट ऐप्स के माध्यम से साझा की गई 'APK' फाइलों को कभी भी इंस्टॉल न करें. ये अक्सर डिवाइस को मैलवेयर से संक्रमित कर देती हैं.

ऐप परमिशन और सुरक्षा प्रबंधन

सुरक्षा विशेषज्ञों का सुझाव है कि यूजर्स को अपने स्मार्टफोन में इंस्टॉल किए गए ऐप्स का नियमित ऑडिट करना चाहिए. इसमें 'ऐप परमिशन' (App Permissions) की जांच करना शामिल है ताकि यह सुनिश्चित हो सके कि किसी थर्ड-पार्टी सॉफ्टवेयर के पास एसएमएस, कॉन्टैक्ट या कैमरा का अनावश्यक एक्सेस न हो. वित्तीय धोखाधड़ी में अक्सर इन परमिशनों का गलत फायदा उठाया जाता है.

भारत में बढ़ता डिजिटल फ्रॉड

यह एडवायजरी ऐसे समय में आई है जब आधार लिंकिंग की अनिवार्यता का फायदा उठाकर जालसाज अपने दावों को वैध दिखाने की कोशिश कर रहे हैं. "आज रात" की डेडलाइन जैसे डराने वाले संदेशों का उपयोग केवल ग्राहकों को जल्दबाजी में गलती करने के लिए प्रेरित करने के लिए किया जाता है. एसबीआई ने स्पष्ट किया है कि बैंक कभी भी अनचाहे संदेशों के माध्यम से व्यक्तिगत जानकारी या ऐप डाउनलोड करने का अनुरोध नहीं करता है. किसी भी संदिग्ध गतिविधि की स्थिति में ग्राहक तुरंत राष्ट्रीय साइबर अपराध पोर्टल (cybercrime.gov.in) या बैंक की हेल्पलाइन पर रिपोर्ट करें.

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