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Suresh Kalmadi Dies: कांग्रेस नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री सुरेश कलमाड़ी का निधन, पुणे के अस्पताल में ली अंतिम सांस

कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री सुरेश कलमाड़ी का मंगलवार सुबह पुणे में निधन हो गया. वह 81 वर्ष के थे और लंबे समय से बीमार चल रहे थे. कलमाड़ी भारतीय ओलंपिक संघ के अध्यक्ष भी रह चुके थे.

Suresh Kalmadi Dies: कांग्रेस नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री सुरेश कलमाड़ी का निधन, पुणे के अस्पताल में ली अंतिम सांस

पुणे: कांग्रेस के वरिष्ठ नेता (Senior Congress Leader) और पूर्व केंद्रीय मंत्री (Former Union Minister) सुरेश कलमाड़ी (Suresh Kalmadi) का मंगलवार, 6 जनवरी 2026 की सुबह महाराष्ट्र के पुणे में निधन हो गया. पारिवारिक सूत्रों के अनुसार, कलमाड़ी पिछले कुछ समय से गंभीर बीमारी (Prolonged Illness) से जूझ रहे थे और पुणे के दीनानाथ मंगेशकर अस्पताल में उनका इलाज चल रहा था. उन्होंने तड़के करीब 3:30 बजे अंतिम सांस ली. सुरेश कलमाड़ी के निधन से राजनीतिक और खेल जगत में शोक की लहर है. वह अपने पीछे पत्नी, एक बेटा, पुत्रवधू और दो शादीशुदा बेटियां व दामाद सहित भरा-पूरा परिवार छोड़ गए हैं.

कलमाड़ी के कार्यालय द्वारा जारी सूचना के अनुसार, उनके पार्थिव शरीर को अंतिम दर्शन के लिए पुणे के एरंडवणे स्थित 'कलमाड़ी हाउस' में दोपहर 2:00 बजे तक रखा जाएगा. इसके बाद उनकी अंतिम यात्रा निकाली जाएगी. सुरेश कलमाड़ी का अंतिम संस्कार दोपहर 3:30 बजे पुणे के नवी पेठ स्थित वैकुंठ श्मशान भूमि में किया जाएगा.  यह भी पढ़ें: Shyam Bihari Lal Dies: बीजेपी विधायक श्याम बिहारी लाल का बरेली में निधन, 60वां जन्मदिन मनाने के एक दिन बाद अचानक आया हार्ट अटैक

एक नजर राजनीतिक और खेल सफर पर

सुरेश कलमाड़ी का सार्वजनिक जीवन काफी प्रभावशाली रहा. वह पुणे से सांसद रहे और केंद्र सरकार में रेल राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) की जिम्मेदारी भी संभाली. राजनीति के साथ-साथ खेल प्रशासन में भी उनका दबदबा रहा. वह कई वर्षों तक भारतीय ओलंपिक संघ (IOA) के अध्यक्ष रहे. उन्होंने एशियाई एथलेटिक्स संघ के अध्यक्ष के रूप में भी खेल जगत में अपनी पहचान बनाई थी.

सुरेश कलमाडी का निधन

चर्चाओं में रहा कार्यकाल

कलमाड़ी का नाम साल 2010 में दिल्ली में आयोजित 'कॉमनवेल्थ गेम्स' (राष्ट्रमंडल खेल) के दौरान देश भर में चर्चा का विषय बना था. उस समय वह आयोजन समिति के अध्यक्ष थे. हालांकि, बाद में उन्हें भ्रष्टाचार के आरोपों के चलते विवादों का सामना करना पड़ा और जेल भी जाना पड़ा था. पिछले कुछ वर्षों से वे सक्रिय राजनीति से दूर थे और अपने स्वास्थ्य पर ध्यान दे रहे थे.

पुणे की राजनीति में कलमाड़ी को एक ऐसे नेता के रूप में याद किया जाता है जिन्होंने शहर के विकास और बुनियादी ढांचे को सुधारने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी. उनके निधन पर विभिन्न राजनीतिक दलों के नेताओं ने शोक संवेदनाएं व्यक्त की हैं.

(The above story first appeared on LatestLY on Jan 06, 2026 09:03 AM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).