BMC Budget 2026-27: एशिया की सबसे अमीर नगर निकाय, बृहन्मुंबई महानगरपालिका (BMC) ने बुधवार को वित्त वर्ष 2026-27 के लिए ₹80,952.56 करोड़ का वार्षिक बजट पेश किया. नगर आयुक्त भूषण गगरानी ने निर्वाचित स्थायी समिति के अध्यक्ष प्रभाकर शिंदे के समक्ष यह वित्तीय खाका प्रस्तुत किया. पिछले साल के ₹74,427 करोड़ के मुकाबले इस बार बजट में करीब 8.7% (₹6,525 करोड़) की भारी बढ़ोतरी की गई है. इस बजट का सबसे बड़ा आकर्षण यह है कि 2022 के बाद पहली बार इसे प्रशासक के बजाय निर्वाचित पार्षदों की मौजूदगी में पेश किया गया है.
शिक्षा और स्वास्थ्य पर रिकॉर्ड निवेश
मुख्य बजट से पहले पेश किए गए शिक्षा बजट में बड़ी घोषणाएं की गईं. शिक्षा के लिए ₹4,248.08 करोड़ का प्रावधान किया गया है.
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डिजिटल क्लासरूम: नगर निगम के 1,203 स्कूलों के 7,953 कमरों को 'डिजिटल क्लासरूम' में बदला जाएगा.
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मिशन सफल (Mission SAFAL): राष्ट्रीय शिक्षा नीति के तहत छात्रों के सर्वांगीण विकास के लिए यह नई पहल शुरू होगी.
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स्वास्थ्य सेवाएं: 'हिंदुहृदयसम्राट बालासाहेब ठाकरे आपलं दवाखाना' योजना का विस्तार करते हुए वार्ड स्तर पर स्वास्थ्य सुविधाओं और डायलिसिस केंद्रों को मजबूत किया जाएगा.
बुनियादी ढांचे (Infrastructure) का कायाकल्प
बजट का लगभग 52 प्रतिशत (करीब ₹48,000 करोड़) हिस्सा पूंजीगत व्यय (Capital Expenditure) के लिए रखा गया है, जो शहर के विकास कार्यों पर खर्च होगा.
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कोस्टल रोड और ब्रिज: कोस्टल रोड के उत्तरी चरण (वर्सोवा-दहिसर-भयंदर) और गोरेगांव-मुलुंड लिंक रोड (GMLR) के काम में तेजी लाई जाएगी.
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सड़क कंक्रीटीकरण: मुंबई की सड़कों को पूरी तरह गड्ढा मुक्त बनाने के लिए ₹15,000 करोड़ से अधिक का निवेश प्रस्तावित है.
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सीवेज ट्रीटमेंट: शहर के कचरा और गंदे पानी के प्रबंधन के लिए ₹27,000 करोड़ के सात नए प्लांटों पर काम जारी रहेगा.
मुंबईकरों को राहत: कोई नया टैक्स नहीं
आम नागरिकों के लिए सबसे बड़ी खबर यह है कि इस साल भी संपत्ति कर (Property Tax) या पानी के बिल में कोई बढ़ोतरी नहीं की गई है. बीएमसी ने अपनी आय बढ़ाने के लिए फिक्स्ड डिपॉजिट के ब्याज और प्रीमियम शुल्क जैसे अन्य स्रोतों पर भरोसा जताया है. साथ ही, पहली बार जल परियोजनाओं के लिए 'म्यूनिसिपल ग्रीन बॉन्ड्स' जारी करने की भी योजना है.
विज्ञापन और सुरक्षा पर नए नियम
नगर निगम ने सुरक्षा और शहर की सुंदरता को देखते हुए कुछ कड़े फैसले भी लिए हैं.
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होर्डिंग्स पर पाबंदी: छतों और फुटपाथों पर बड़े विज्ञापन बोर्ड लगाने पर रोक लगा दी गई है. अब केवल 40x40 फीट से छोटे होर्डिंग्स ही लगाए जा सकेंगे.
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सुरक्षा: स्कूलों और सार्वजनिक स्थानों पर सीसीटीवी कैमरों के नेटवर्क को और अधिक मजबूत करने के लिए ₹42 करोड़ आवंटित किए गए हैं.
2022 के बाद पेश हुआ बजट
साल 2022 में निर्वाचित सदन भंग होने के बाद से बीएमसी का प्रशासन प्रशासक के हाथ में था. 2026 के नगर निकाय चुनावों के बाद यह पहला लोकतांत्रिक बजट है. यह बजट न केवल मुंबई की वर्तमान जरूरतों को पूरा करता है, बल्कि 'मुंबई क्लाइमेट एक्शन प्लान' के तहत शहर को भविष्य के लिए तैयार करने का भी लक्ष्य रखता है.












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