Andhra Pradesh Temple Stampede: आंध्र प्रदेश में बड़ा हादसा, श्रीकाकुलम के काशीबुग्गा वेंकटेश्वर स्वामी मंदिर में भगदड़, 9 श्रद्धालुओं की मौत, कई घायल
आंध्र प्रदेश मंदिर में भगदड़ (Photo : X)

Andhra Pradesh Temple Stampede:आज, 1 नवंबर 2025, आंध्र प्रदेश से एक बहुत ही दुखद और दिल दहला देने वाली खबर आई है. श्रीकाकुलम जिले में मशहूर काशीबुग्गा वेंकटेश्वर स्वामी मंदिर है. आज सुबह-सुबह, भगवान के दर्शन के लिए वहां हजारों भक्तों की भारी भीड़ जमा थी. लोग खुशी-खुशी दर्शन के लिए पहुंचे थे, लेकिन ये खुशी का माहौल अचानक मातम में बदल गया.

खबरों के मुताबिक, सुबह जब दर्शन के लिए भीड़ बहुत ज्यादा बढ़ गई, तो अचानक लोगों के बीच धक्का-मुक्की शुरू हो गई. देखते ही देखते, हालात बेकाबू हो गए और वहां भयानक भगदड़ मच गई. लोग एक-दूसरे पर गिरने लगे, और उन्हें संभलने का मौका भी नहीं मिला.

इस दर्दनाक हादसे में कम से कम 9 श्रद्धालुओं की मौत हो गई है. इसके अलावा, कई लोग बुरी तरह घायल हुए हैं, जिन्हें फौरन पास के अस्पतालों में भर्ती कराया गया है. NDTV इंडिया जैसे न्यूज चैनलों का कहना है कि मरने वालों की संख्या बढ़ भी सकती है, क्योंकि कुछ घायलों की हालत बहुत गंभीर बनी हुई है.

ये भगदड़ क्यों मची?

अभी तक कोई पक्की सरकारी जानकारी तो सामने नहीं आई है, लेकिन ऐसा लगता है कि ये सब भीड़ और इंतजामों की कमी की वजह से हुआ.

  • भारी भीड़: अभी देवउठनी एकादशी का समय चल रहा है, इसलिए मंदिरों में आम दिनों से कहीं ज्यादा भीड़ हो रही है.
  • इंतजामों की कमी: जब इतनी भीड़ का अंदेशा था, तो वहां सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम क्यों नहीं थे.
  • अफवाह या धक्का: हो सकता है लाइन में लगे किसी शख्स ने धक्का दिया हो, या कोई छोटी सी अफवाह फैल गई हो, जिससे लोग डरकर भागने लगे.

ये पहली बार नहीं है जब आंध्र प्रदेश में ऐसा हादसा हुआ हो. आपको याद होगा, इसी साल जनवरी में तिरुपति मंदिर में भी ऐसी ही भगदड़ हुई थी, जिसमें 6 लोगों की जान चली गई थी.

अब क्या हो रहा है?

जैसे ही इस भयानक हादसे की खबर फैली, लोकल पुलिस और मेडिकल टीमें तुरंत मौके पर पहुंच गईं और घायलों को अस्पताल पहुंचाना शुरू कर दिया.

सोशल मीडिया पर लोग इस खबर से बहुत दुखी हैं और गुस्से में भी हैं. ज्यादातर लोग सवाल उठा रहे हैं कि "जब पता था कि त्योहार का समय है और भीड़ होगी, तो सरकार ने पहले से अच्छे इंतजाम क्यों नहीं किए?"

हालांकि, अभी तक आंध्र प्रदेश सरकार या किसी बड़े नेता की तरफ से इस पर कोई बड़ा बयान नहीं आया है. उम्मीद है कि सरकार जल्द ही इस मामले की जांच के आदेश देगी.