Ajit Pawar Dies: संजय गांधी से लेकर विजय रुपाणी तक, विमान और हेलीकॉप्टर दुर्घटनाओं में मारे गए प्रमुख भारतीयों की सूची
संजय गांधी, अजीत पवार और जनरल बिपिन रावत (Photo Credits: Wikimedia Commons, Facebook)

नई दिल्ली: महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री (Maharashtra Deputy Chief Minister) अजित पवार (Ajit Pawar) का बुधवार, 28 जनवरी 2026 को बारामती (Baramati) के पास एक विमान हादसे में असामयिक निधन हो गया. 66 वर्षीय पवार एक चार्टर्ड लीयरजेट 45 (chartered Learjet 45) में सवार थे, जो आपातकालीन लैंडिंग के दौरान दुर्घटनाग्रस्त हो गया. यह दुखद घटना भारत के उस काले इतिहास में एक नया अध्याय जोड़ती है, जहां देश ने कई दूरदर्शी नेताओं, सैन्य कमांडरों और वैज्ञानिकों को आसमान की ऊंचाइयों में खोया है. अजित पवार से ठीक सात महीने पहले, 12 जून 2025 को गुजरात के पूर्व मुख्यमंत्री विजय रुपाणी का एक भीषण विमान हादसे में निधन हो गया था.  तकनीक के विकास के बावजूद, हाल के वर्षों में हुए इन हादसों ने हवाई यात्रा की सुरक्षा पर फिर से सवाल खड़े कर दिए हैं. यह भी पढ़ें: Ajit Pawar Dies: जिस विमान में सवार थे अजित पवार, वह लैंडिंग के समय बना आग का गोला; जानें मृतकों के नाम और विमान की खासियत

रणनीतिक और राजनीतिक क्षति

भारतीय विमानन का इतिहास उन जख्मों से भरा है जिन्होंने देश की दिशा बदल दी:

विजय रूपाणी (2025)

12 जून, 2025 को गुजरात के पूर्व मुख्यमंत्री विजय रूपाणी उन 241 लोगों में शामिल थे, जिनकी अहमदाबाद से उड़ान भरने के कुछ ही देर बाद एयर इंडिया फ्लाइट 171 के क्रैश होने से मौत हो गई थी. लंदन के गैटविक एयरपोर्ट जा रहे बोइंग 787 ड्रीमलाइनर में कथित तौर पर उड़ान भरने के कुछ ही मिनटों बाद तकनीकी खराबी आ गई, और वह मेघानी नगर इलाके में बी.जे. मेडिकल कॉलेज की एक हॉस्टल बिल्डिंग से टकरा गया. 68 साल के रूपाणी अपनी बेटी से मिलने यूनाइटेड किंगडम जा रहे थे.

जनरल बिपिन रावत (2021)

भारत के पहले चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ (CDS) जनरल बिपिन रावत का दिसंबर 2021 में तमिलनाडु के कुन्नूर में हेलीकॉप्टर हादसे में निधन हो गया. इस दुर्घटना में उनकी पत्नी मधुलिका रावत और 11 अन्य सैन्य कर्मियों की भी मृत्यु हुई थी.

वाई.एस. राजशेखर रेड्डी (2009)

आंध्र प्रदेश के तत्कालीन मुख्यमंत्री 'वाईएसआर' का हेलीकॉप्टर नल्लामाला के जंगलों में तूफान के बीच लापता हो गया था. उनके निधन से दक्षिण की राजनीति में एक बड़ा शून्य पैदा हुआ.

माधवराव सिंधिया (2001)

कांग्रेस के दिग्गज नेता और ग्वालियर राजघराने के वारिस माधवराव सिंधिया का निजी विमान उत्तर प्रदेश में खराब मौसम के कारण दुर्घटनाग्रस्त हो गया था.

इतिहास बदलने वाले हादसे

कुछ हवाई दुर्घटनाएं ऐसी रहीं जिन्होंने देश के भविष्य की पटकथा को ही बदल दिया:

संजय गांधी (1980)

पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी के छोटे बेटे संजय गांधी की मौत ने भारतीय राजनीति को हिलाकर रख दिया था. 23 जून 1980 को दिल्ली के सफदरजंग हवाई अड्डे के पास एक नए विमान में करतब दिखाते समय वे नियंत्रण खो बैठे और हादसे का शिकार हो गए.

होमी जहांगीर भाभा (1966)

भारत के परमाणु कार्यक्रम के जनक डॉ. होमी जे. भाभा की मृत्यु आज भी चर्चा का विषय रहती है. एयर इंडिया का विमान 'कंचनजंगा' माउंट ब्लांक (आल्प्स) में दुर्घटनाग्रस्त हो गया था, जिसमें भाभा सहित 117 लोग मारे गए थे. यह भी पढ़ें: अजित पवार विमान हादसा, घने कोहरे और लो विजिबिलिटी को माना जा रहा शुरुआती कारण, AAIB ने संभाली जांच की कमान

सुरक्षा पर गहराते सवाल

अजित पवार का विमान एक चार्टर्ड जेट था, जो आमतौर पर सुरक्षित माना जाता है. विशेषज्ञों का मानना है कि राजनेताओं और वीवीआईपी (VVIP) द्वारा उपयोग किए जाने वाले चार्टर्ड विमानों और हेलीकॉप्टरों के रखरखाव और उड़ान प्रोटोकॉल की सख्त समीक्षा की आवश्यकता है, ताकि भविष्य में ऐसी त्रासदियों को रोका जा सके.