Agneepath Scheme Protest: अग्निपथ की आग में झुलसा बिहार, 12 जिलों में 48 घंटे के लिए इंटरनेट बंद
बिहार में सेना में भर्ती को लेकर अग्निपथ योजना का विरोध तीसरे दिन भी जारी रहा. प्रदर्शनकारियों ने शुक्रवार को जमकर उत्पात मचाया और रेलवे को काफी क्षति पहुंचाई. कई ट्रेनों को रद्द किया गया, जिससे यात्रियों को भी काफी परेशानी का सामना करना पड़ा. स्थिति को देखते हुए बिहार सरकार ने कई जिलों में इंटरनेट सेवा बंद कर दी है.
बिहार में सेना में भर्ती को लेकर अग्निपथ योजना का विरोध तीसरे दिन भी जारी रहा. प्रदर्शनकारियों ने शुक्रवार को जमकर उत्पात मचाया और रेलवे को काफी क्षति पहुंचाई. कई ट्रेनों को रद्द किया गया, जिससे यात्रियों को भी काफी परेशानी का सामना करना पड़ा. स्थिति को देखते हुए बिहार सरकार ने कई जिलों में इंटरनेट सेवा बंद कर दी है. कैमर, भोजपुर, औरंगाबाद, रोहतास, बक्सर, नवादा, पश्चिमी चंपारण, समस्तीपुर, लखीसराय, बेगूसराय, वैशाली और सारण ज़िलों में आज से 19 जून तक इंटरनेट सेवाएं अस्थायी रूप से बंद रहेंगी. Agnipath Protests: अग्निपथ स्कीम से क्यों भड़के हुए हैं देश के युवा, जानें सभी बड़ी बातें.
पूर्व मध्य रेल के विभिन्न स्टेशनों पर प्रदर्शकारियों के कारण पूर्व मध्य रेल क्षेत्राधिकार से खुलने, पहुंचने वाली ट्रेनों का परिचालन शुक्रवार भी अवरूद्ध रहा, जिससे यात्रियों को काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ा.
12 जिलों में इंटरनेट बंद
Internet services will remain temporarily suspended in Kaimer, Bhojpur, Aurangabad, Rohtas, Buxer, Nawada, West Champaran, Samastipur, Lakhisarai, Begusarai, Vaishali and Saran districts from today till 19th June: Bihar govt pic.twitter.com/H9fBtp9vxh
— ANI (@ANI) June 17, 2022
पूर्व मध्य रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी वीरेंद्र कुमार ने बताया कि शुक्रवार को सुबह पांच बजे से शाम के पांच बजे तक बड़ी संख्या में प्रदर्शनकारियों ने 60 से अधिक कोचों तथा 10 से अधिक इंजनों में आग लगाई गई.
यात्री सुरक्षा एवं संरक्षा के मद्देनजर 214 मेल, एक्सप्रेस, पैसेंजर ट्रेनों का परिचालन रद्द करना पड़ा जबकि 78 ट्रेनों का आंशिक समापन, प्रारंभ किया गया . इसी तरह 12 ट्रेनों को पुनर्निर्धारित कर चलाया गया जबकि एक ट्रेन का परिचालन परिवर्तित मार्ग से किया गया. जिसके फलस्वरूप हजारों यात्री अपनी यात्रा प्रारंभ नहीं कर सके.
इन यात्रियों में छात्र, मरीज भी शामिल थे जिन्हें धरना-प्रदर्शन के कारण अपनी यात्रा स्थगित करनी पड़ी. इसी कड़ी में मालगाड़ियों का भी परिचालन अवरूद्ध रहा. उन्होंने दावा करते हुए कहा कि पूर्व मध्य रेल द्वारा यात्रियों को किसी प्रकार की तकलीफ ना हो इसके लिए भरपूर प्रयास किया गया. इसी प्रयास के तहत विभिन्न स्टेशनों पर फंसे हुए यात्रियों की सुविधा हेतु खान-पान मुहैया कराने, बीमार यात्रियों के लिए चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराई गई.
पूर्व मध्य रेल द्वारा रेल संपत्ति की क्षति का आकलन किया जा रहा है.
स्टेशनों पर फंसे हुए यात्रियों को आरपीएफ, जीआरपी द्वारा सुरक्षा प्रदान की गयी, जिसमें स्थानीय प्रशासन का भी सहयोग रहा. यात्रियों को खान-पान उपलब्ध कराया गया. महिला, बच्चों एवं वरिष्ठ नागरिकों का विशेष ध्यान रखते हुए उन्हें हर प्रकार की सहायता उपलब्ध करायी गयी. फंसे हुए यात्रियों की सुविधा के लिए स्पेशल ट्रेन के परिचालन की योजना भी बनाई जा रही है.
रेल परिचालन की अद्यतन सूचना के लिए विभिन्न स्टे्शनों पर एक दर्जन से ज्यादा हेल्पलाइन जारी किया गया. इसी तरह यात्रियों की सुविधा के लिए टिकट रिफंड, वापसी के लिए आवश्यकतानुसार अतिरिक्त टिकट काउंटर का प्रावधान किया गया तथा टिकट के कैंसिल कराने पर कोई कैसिलेशन चार्ज नहीं लिया जा रहा है.
(इनपुट IANS)
(The above story first appeared on LatestLY on Jun 17, 2022 08:30 PM IST. For more news and updates on politics, world, sports, entertainment and lifestyle, log on to our website latestly.com).

