देश की खबरें | नगालैंड में 'वाटरशेड यात्रा' का आरंभ

कोहिमा, छह फरवरी नगालैंड में भूमि और जल संसाधन के टिकाऊ प्रबंधन को बढ़ावा देने के लिए ‘वाटरशेड यात्रा’ शुरू की गई है।

जल प्रबंधन के वैज्ञानिक तरीकों को प्रोत्साहित करने, जल सुरक्षा में सुधार, कृषि उपज बढ़ाने और ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के अवसर सृजित करने के उद्देश्य से बुधवार को इस यात्रा की शुरुआत की गई।

यह यात्रा प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना (डब्ल्यूडीसी-पीएमकेएसवाई 2.0) के तहत संचालित वाटरशेड विकास गतिविधियों के प्रति लोगों में जागरूकता बढ़ाने की पहल है।

वाटरशेड यात्रा की शुरुआत के मौके पर भूमि संसाधन मामलों के सलाहकार और विधायक जी इकुतो झिमोमी ने इस पहल की सराहना की तथा पर्यावरण संबंधी चुनौतियों से निपटने के लिए संयुक्त प्रयास के महत्व पर जोर दिया।

उन्होंने समुदाय-आधारित वाटरशेड प्रबंधन परियोजनाओं का समर्थन करने और ग्रामीण समुदायों के सशक्तिकरण की सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई।

झिमोमी ने कहा, "यह जन संपर्क कार्यक्रम भूमि और जल संसाधनों का सतत इस्तेमाल सुनिश्चित करेगा, जिससे आने वाली पीढ़ियों को लाभ मिलेगा।"

भूमि संसाधन के निदेशक अल्बर्ट नगुली ने मुख्य वक्ता के रूप में अपने संबोधन में नगालैंड की विशिष्ट पारिस्थितिक परिस्थितियों के संदर्भ में वाटरशेड यात्रा की प्रासंगिकता को रेखांकित किया।

उन्होंने प्रत्येक नागरिक से प्राकृतिक संसाधनों के टिकाऊ प्रबंधन के लिए व्यक्तिगत और सामुदायिक स्तर पर जागरूकता बढ़ाने की अपील की।

वाटरशेड यात्रा के तहत जल संचयन के लिए ‘परकोलेशन टैंक’ और चेक डैम के निर्माण सहित कई अन्य पहल शामिल है। इसके अलावा, 'वाटरशेड महोत्सव' आयोजित किया जाएगा, जिसका उद्देश्य जागरूकता बढ़ाना और सामुदायिक भागीदारी को प्रोत्साहित करना है।

'वाटरशेड की पंचायत' के माध्यम से समुदायों को वाटरशेड नीतियों के निर्माण और कार्यान्वयन की प्रक्रिया में सक्रिय रूप से शामिल किया जाएगा।

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