देश की खबरें | केंद्रीय मंत्रिमंडल ने पासवान के निधन पर शोक जताया
एनडीआरएफ/प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: ANI)

नयी दिल्ली, नौ अक्टूबर केन्द्रीय मंत्रिमंडल ने उपभोक्ता मामले, खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्री रामविलास पासवान के निधन पर शोक व्यक्त करते हुए कहा कि उनके जाने से राष्ट्र ने एक प्रतिष्ठित नेता, उत्कृष्ट सांसद और सक्षम प्रशासक खो दिया है।

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में वीडियो कॉन्फ्रेंस के जरिए हुई मंत्रिमंडल की बैठक में दो मिनट का मौन रखा गया और पासवान के निधन पर दुख व्यक्त करते हुए एक प्रस्ताव भी पारित किया गया।

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प्रस्ताव में कहा गया, ‘‘केंद्रीय मंत्रिमंडल उपभोक्ता मामले, खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्री रामविलास पासवान के निधन पर गहरा शोक व्यक्त करता है। उनके निधन से राष्ट्र ने एक प्रतिष्ठित नेता, उत्कृष्ट सांसद और सक्षम प्रशासक खो दिया है।’’

एक सरकारी बयान में कहा गया कि पासवान शोषितों और वंचितों की आवाज थे तथा समाज के पिछड़े वर्गों के हकों की लड़ाई लड़ी।

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बयान के अनुसार राजकीय सम्मान के साथ पासवान का संस्कार किया जाएगा।

इसमें कहा गया, ‘‘केंद्रीय मंत्रिमंडल सरकार और देश की तरफ से शोक संतप्त परिवार के प्रति अपनी संवेदनाएं प्रकट करता है।’’

सूत्रों के अनुसार दिवंगत नेता के अंतिम संस्कार में केन्द्रीय मंत्री रविशंकर प्रसाद केन्द्र के प्रतिनिधि के रूप में हिस्सा लेंगे।

पासवान ने बृहस्पतिवार शाम अंतिम सांस ली। उनके पार्थिव शरीर को उनके सरकारी आवास पर अंतिम दर्शन के लिए रखा गया है। उनका पार्थिक शरी पटना ल जाया जाएगा जहां शनिवार को उनका अंतिम संस्कार किया जाएगा।

देश के प्रमुख दलित नेताओं में शुमार पासवान 74 वर्ष के थे। लोजपा के संस्थापक और उपभोक्ता मामले, खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण मंत्री पासवान कई सप्ताह से यहां के एक अस्पताल में भर्ती थे। हाल ही में उनके हृदय की सर्जरी हुई थी।

समाजवादी आंदोलन के स्तंभों में से एक पासवान बाद के दिनों में बिहार के प्रमुख दलित नेता के रूप में उभरे और जल्दी ही राष्ट्रीय राजनीति में अपनी विशेष जगह बना ली। 1990 के दशक में अन्य पिछड़ा वर्ग के आरक्षण से जुड़े मंडल आयोग की सिफारिशों को लागू करवाने में पासवान की भूमिका महत्वपूर्ण रही।

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