देश की खबरें | इंदौर में अल्प्राजोलम की 36,000 गोलियों के साथ नशे के तीन सौदागर गिरफ्तार
एनडीआरएफ/प्रतीकात्मक तस्वीर (Photo Credits: ANI)

इंदौर (मध्यप्रदेश), 18 सितंबर दवा के तौर पर मेडिकल स्टोरों में बिकने वाले एक नशीले पदार्थ के अवैध कारोबार में शामिल गिरोह का खुलासा करते हुए पुलिस ने यहां शुक्रवार को तीन लोगों को धर दबोचा और उनके कब्जे से हजारों गोलियां बरामद की है । पुलिस एक अधिकारी ने इसकी जानकारी दी ।

पुलिस उप महानिरीक्षक (डीआईजी) हरिनारायणाचारी मिश्रा ने संवाददाताओं को बताया कि मुखबिर की सूचना पर सिरपुर तालाब के पास की मुख्य सड़क पर पकड़े गये आरोपियों की पहचान वाजिद शेख (26), लक्ष्मीनारायण पाल (48) और जितेन्द्र किरार (50) के रूप में हुई है।

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उन्होंने बताया कि शेख इंदौर से ही ताल्लुक रखता है, जबकि पाल गुना का रहने वाला है और किरार ग्वालियर का निवासी है।

मिश्रा ने बताया, "तीनों आरोपी एक व्यक्ति को नशे की खेप की आपूर्ति करने के लिये उसका इंतजार कर रहे थे। लेकिन इससे पहले ही पुलिस ने उन्हें पकड़ लिया और उनके कब्जे से अल्प्राजोलम की 36,000 गोलियां बरामद कीं।"

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उन्होंने बताया कि अल्प्राजोलम की इस खेप का वास्तविक बाजार मूल्य करीब 3.5 लाख रुपये है, लेकिन गिरोह के सदस्य खासकर खासकर युवाओं को नशे की लत में धकेलने के लिये उन्हें ऊंचे दामों पर मादक पदार्थ की गोलियों के तौर पर बेचते थे।

डीआईजी ने बताया, "आरोपियों ने शुरूआती पूछताछ में बताया है कि वे उत्तर प्रदेश के कुछ लोगों से अल्प्राजोलम की अवैध खेप खरीदते थे। हम इन लोगों की पहचान की कोशिश कर रहे हैं।"

उन्होंने बताया कि तीनों आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है। विस्तृत जांच जारी है।

सरकारी कायदों के मुताबिक नियंत्रित मादक पदार्थ अल्प्राजोलम की गोलियों की खुदरा बिक्री लाइसेंसशुदा दवा दुकानों पर डॉक्टर की पर्ची के आधार पर ही की जा सकती है। दवा दुकानों के संचालकों को इस मादक पदार्थ की खरीदी और बिक्री का पूरा रिकॅार्ड रखना भी जरूरी होता है।

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