नयी दिल्ली, एक फरवरी वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने शनिवार को रुकी हुई आवास परियोजनाओं में एक लाख इकाइयों को पूरा करने के लिए 15,000 करोड़ रुपये के नए ‘स्वामी’ कोष की घोषणा की।
इस योजना का उद्देश्य उन घर खरीदारों को राहत देना है, जिनके निवेश अटके हुए हैं।
केंद्र ने नवंबर 2019 में देश में रुकी हुई आवास परियोजनाओं को पूरा करने के लिए 'किफायती और मध्यम आय वाले आवास के लिए विशेष खिड़की' (स्वामी) नाम से एक कोष की घोषणा की थी।
इस कोष प्रबंधन भारतीय स्टेट बैंक समूह की कंपनी एसबीआईकैप वेंचर्स लिमिटेड करती है। सीतारमण ने अपने बजट भाषण में पहले कोष की सफलता के बाद स्वामी कोष-2 की घोषणा की।
वित्त मंत्री ने बताया कि स्वामी कोष-1 के तहत तनावग्रस्त आवास परियोजनाओं में 50,000 आवास इकाइयां पूरी हो चुकी हैं और घर खरीदारों को चाबियां सौंप दी गई हैं।
उन्होंने कहा कि 2025 में 40,000 और इकाइयां पूरी की जाएंगी, जिससे मध्यम वर्ग के परिवारों को मदद मिलेगी। ये परिवार आवास ऋण पर ईएमआई (समान मासिक किस्त) का भुगतान कर रहे थे, साथ ही अपने मौजूदा आवास का किराया भी दे रहे थे।
सीतारमण ने कहा, ''इस सफलता के आधार पर, स्वामी कोष-2 को सरकार, बैंकों और निजी निवेशकों के योगदान के साथ एक मिश्रित वित्त सुविधा के रूप में स्थापित किया जाएगा।''
कुल 15,000 करोड़ रुपये के इस कोष का लक्ष्य अन्य एक लाख इकाइयों को तेजी से पूरा करना है।
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